फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बैंक खुलते ही उमड़ी ग्राहकों की भीड़

Thu, 10 Nov 2016 11:48 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/बाराबंकी
विज्ञापन
बैंक खुलते ही उमड़ी ग्राहकों की भीड़ - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
जिले भर के बैंकों व डाकखानों में बृहस्पतिवार को 500 व 100 के पुराने नोटों को बदलने व जमा करने के लिए भारी भीड़ टूट पड़ी। लोग सुबह से ही बैंक खुलने के इंतजार में लाइन में लग गए। कई जगह भीड़ को कंट्रोल करने के लिए पुलिस को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। अधिकतर शाखाओं में अंदर जाने के लिए ग्राहक और कर्मचारियों में कहासुनी हुई।
विज्ञापन


कई जगह लोग पैसे जमा करने के लिए लोग जुगाड़ लगाते भी नजर। शहर के साथ ही ग्रामीण इलाकों की बैंकों में भी पैसे जमा करने के लिए मारामारी मची रही। बैंक अधिकारियों के अनुसार देर शाम तक बैंकों में 45 करोड़ रुपये जमा किए गए जबकि ग्राहकों ने अपने खाते से 12 करोड़ रुपये निकाले और 10 करोड़ रुपए जमा किए।

बृहस्पतिवार की सुबह करीब सात बजे ही शहर में आवास विकास के पास हाईवे स्थित स्टेट बैंक की मुख्य शाखा पर पहुंचे वृद्ध रामकिशोर ने वहां गार्ड से पूछा कि भैय्या बैंक कब खुलेगा, पैसा लेना है। तो पता लगा कि बैंक खुलने में अभी देर है। फिर क्या था देखते ही देखते बैेंक खुलने से पहले ही बाहर सैकड़ों लोगों की कतारें लग गईं।हर किसी के पास जमा करने के लिए पांच सौ व एक हजार के नोट थे। 
विज्ञापन


प्रशासनिक आंकड़ों की माने तो जिले में विभिन्न कंपनियों की करीब 235 बैंक की शाखाएं खुली हुई है। शहर से लेकर गांव तक इन बैंक शाखा में लोग सुबह से ही पैसे निकालने के लिए लाइन में लगे रहे। जब तक पैसा निकल नहीं गया तब तक लोग हिले तक नहीं चाहे इसके लिए उन्हें कई घंटे तक इंतजार क्यों नहीं करना पड़ा।

जिला पंचायत के सामने स्थित स्टेट बैंक की मुख्य शाखा के बाहर लखपेड़ाबाग निवासी रामसेवक सुबह आठ बजे से ही आकर खड़े हो गए। उन्होंने बताया कि शाम को एक रिश्तेदार के यहां मांगलिक कार्यक्रम है। घर फुटकर रुपया एक दम नहीं है। इसीलिए सुबह ही आ गए कि जैसे बैंक खुले जल्दी से पुराने नोट बदल लें। इसी तरह आवास विकास कॉलोनी के बिजय सिंह, राजेश, अनुराग आदि भी सुबह से लाइन लगा दिए थे।

बैंक कर्मियों व ग्राहकों में हुई नोकझोंक
सभी बैंकों में कर्मचारियोें व ग्राहकों के बीच पैसे जमा करने व निकालने के लिए नोकझोंक होती रही। किसी बैंक शाखा मेें शाम पांच बजे कहा गया कि अब बैंक बंद होने जा रही है तो ग्राहक बिगड़ गए और कहा रात आठ बजे बैंक बंद होगी। शहर के पीरबटावन निवासी उसामा कामिल, गुड्डू, चरनजीत सिंह, रामकुमार, अर्जुन सिंह, सुमित गुप्ता, उर्मिला आदि विभिन्न बैंक शाखाओं में पैसे जमा करने के लिए घंटों लाइन में लगे रहे।

व्यापारियों ने प्रधानमंत्री को भेजा ज्ञापन
नोट बदलने के मामले में बृहस्पतिवार को आदर्श व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष राजीव गुप्ता बब्बी ने एसडीएम को ज्ञान दिया। व्यापारियों ने प्रधानमंत्री से मांग की है कि आम जनता की परेशानियाें को देखते हुए बैंक से कैश विड्रॉल की सीमा बढ़ाई जाए। जिला वरिष्ठ महामंत्री संतोष जायसवाल ने बताया कि जिन कल कारखानों में डेली बेसिस पर मजदूरी करते हैं, उन्हें व्यापारी मजदूरी कैसे देंगे। नगर अध्यक्ष उसामा अंसारी ने कहा कि जिन घरों में शादी है उनके ऊपर तो बहुत बड़ी आफत आ गई है। 

ग्रामीण इलाकों में मायूस होकर लौटे लोग
ग्रामीण क्षेत्रों की बैंकों में भी आज सुबह से 1000 व 500 की नोट जमा कराने की भीड़ लग गयी। देर शाम तक बैंकों मे भीड़ मौजूद थी। प्रशासन द्वारा 1000 व 500 की नोट बन्द होने की सूूचना पर बृहस्पतिवार को सुबह से ही लोग पुराने नोट जमा कराने व बदलने के लिए जुट गए। परंतु ग्रामीण क्षेत्र की बैंकों में नये नोट उपलब्ध ना होने पर नोट बदलने वालों को मायूस होकर लौटना पड़ा। पंजाब नैशनल बैंक कोठी, एजीबी कोठी बीबीपुर सेमरांवा सिद्धौर भानमऊ इब्राहिमाबाद असन्द्रा आदि बैंकों में पूरा दिन अफरातफरी का माहौल रहा। 

हैदरगढ़ क्षेत्र में बैंकों में खत्म हो गया कैश
हैदरगढ़ तहसील इलाके मेें त्रिवेदीगंज, भिलवल, लोनीकटरा, सुबेहा, मकनपुर समेत सभी जगहों पर स्थित दर्जनों बैंक शाखा में सिर्फ पहुंच वाले लोगों को ही नए नोट मिल सके। यहां आम आदमी दिन भी खड़ा रहा और फिर उसे शाम को बताया गया कि बैंक में कैश ही खत्म हो चुका है। हालांकि यहां के लोगों ने इस बारे में अधिकारियों को भी सूचना दी, लेकिन इसके बावजूद इस ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया। इसी तरह फतेहपुर, रामसनेहीघाट, देवा, सिरौलीगौसपुर, बदोसराय, मसौली, कुर्सी, जैदपुर, रामनगर, सफदरगंज इलाके में भी बैंकों में भीड़ लगी रही।

बैंकिंग कार्य में किसी तरह की कोई परेशानी नहीं हुई। कहीं-कहीं भीड़ को समझाना पड़ा कि घबराएं नहीं सबका काम होगा। गुरुवार को खाते पैसा जमा करने की अपेक्षा नोट बदलने वालों की संख्या अधिक रही। जिले भर में गुरुवार को 45 करोड़ के पुराने नोट बदले गए और 12 करोड़ खाते से निकाले गए। इसके अलावा खाताधारकों ने बैंकों में कुल 10 करोड़ रुपये जमा किए। -अशोक मिश्रा, लीड बैंक मैनेजर

जिले मेें सभी बैंक शाखाओं में सुरक्षा के लिए पुलिस की तैनाती की गई है। कहीं कोई विवाद न होने पाए इसका पूरा ख्याल रखा जा रहा है। -राजू बाबू सिंह, एसपी
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें