बाराबंकी। निवेशकों से करोड़ों की ठगी करने के आरोपी विश्वास ट्रेडिंग कंपनी के एक निदेशक को क्राइम ब्रांच की टीम बृहस्पतिवार को कोलकाता से यहां लाई। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है। आरोप है कि निदेशक व अन्य लोगों पर मल्टीलेवल मार्केटिंग के नाम पर एक कंपनी बनाकर निवेशकों से तीन-चार सौ करोड़ की ठगी करने का आरोप है। इस कंपनी पर लखनऊ के साथ प्रयागराज व बाराबंकी में कई केस दर्ज हैं। तीन दिन पहले भी 70 करोड़ की ठगी के तीन और केस दर्ज कराए गए। मालूम हो कि इस मामले में गत वर्ष तत्कालीन एसपी डॉ. सतीश कुमार के निलंबन हुआ और एक दरोगा को जेल भी भेजा गया था। पुलिस पर 65 लाख रुपये की वसूली का आरोप लगाया गया था।
एसपी डॉ. अरविंद चतुर्वेदी ने बतया कि प्रेम प्रकाश सिंह निवासी कोठी डीह की तहरीर पर 24 जून को आरोपी धीरज बहादुर सिंह, विश्वजीत विश्वास, धीरज श्रीवास्तव, विनोद कुमार, शंकर गायन उर्फ मिट्ठू, प्रसेनजीत सरदार, भारत मोदी, संदीप मैती, चंचल प्रसाद सिंह व अनुराग देव पांडेय निवासी कोलकाता के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप है कि इन सभी ने विश्वास ट्रेडिंग कम्पनी में निवेश के बहाने से करोड़ों रुपये हड़प लिए। पुलिस ने इस मामले में संदीप मैती पुत्र भवसरन मैती निवासी वीपी टाउनशिप टेलीफोन हाउसिंग कम्पलेक्स थाना पाटूली कोलकाता को आठ अगस्त को गिरफ्तार किया था।
इस मामले की विवेचना कर रहे क्राइम ब्रांच के निरीक्षक राकेश कुमार सिंह की टीम ने मंगलवार को कंपनी के निदेशक शंकर गायन उर्फ मिट्ठू पुत्र ससाधन गायन निवासी योरे कुकुर दक्षिण पारा थाना रिशरा हुगली, कोलकाता से गिरफ्तार कर वहां के कोर्ट में पेश किया। कोर्ट से ट्रांजिस्ट रिमांड पर बृहस्पतिवार को उसे बाराबंकी लाया गया है। कंपनी के खिलाफ शहर कोतवाली में तीन दिन पहले तीन केस और दर्ज किए गए हैं। निवेशकों से 70 करोड़ रुपये ठगने का आरोप है। केस में कंपनी के चेयरमैन विश्वजीत विश्वास समेत सात लोग नामजद हैं। कंपनी के एजेंट धीरज यादव व संजय सिन्हा निवासी शुगर मिल कालोनी ने केस दर्ज करा हैं।