रामनगर (बाराबंकी)। श्री लोधेश्वर महादेव की तीर्थ नगरी महादेवा में प्रसिद्ध सावन मेले की तैयारियां शुरू हो गई हैं। 11 जुलाई को पड़ने वाले सावन के पहले सोमवार पर यहां शिवभक्तों का जनसैलाब जुटेगा। मान्यता है कि सावन में भगवान शिव के जलाभिषेक से हर मनोकामना पूरी होती है। इसी कारण दूर दराज से लाखों श्रद्धालु जलाभिषेक करने महादेवा पहुंचते हैं।
महादेवा धाम का यह सावन मेला न सिर्फ शिव भक्ति, श्रद्धा का संगम है, बल्कि यहां शिवभक्तों का विश्वास हर साल नई आस्था के साथ हिलोरें मारता है। महादेवा के लोधेश्वर महादेव की नगरी एक बार फिर भक्ति की ज्योति से आलोकित होने को तैयार है। श्रद्धालुओं की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए मंदिर की रंगाई-पुताई, साफ-सफाई और व्यवस्थाओं को दुरुस्त करना शुरू कर दिया है। हर सोमवार भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन की रणनीति तैयार कर ली है। बड़ी संख्या में पुलिस बल के साथ वालंटियर भी तैनात रहेंगे।
सावन के सोमवार का आध्यात्मिक महत्व : धार्मिक ग्रंथों के अनुसार सावन माह भगवान शिव को अत्यंत प्रिय है। सावन के सोमवार को शिवलिंग पर जल, बेलपत्र, धतूरा आदि चढ़ाने से व्यक्ति को विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है। मान्यता है कि इस व्रत और पूजा से भगवान शिव प्रसन्न होकर अपने भक्तों को सुख-शांति, आरोग्यता और ऐश्वर्य का वरदान देते हैं।