यात्री को उसका सामान सौंपते परिचालक शिवाम्बुकर पांडेय।
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जमाना कितना भी क्यों न बदल गया हो लेकिन ईमानदारी आज भी जिंदा हैं। ऐसे बहुत से लोग हैं जो जीवन भर ईमानदारी का साथ नहीं छोड़ते। ऐसा ही एक वाकया शनिवार को सामने आया जिसमें बाराबंकी डिपो की बस में एक महिला का जेवर से भरा बैग छूट गया। बैग परिचालक को मिला तो उसने बैग वापस कर ईमानदारी की मिसाल कायम की। बैग में करीब 50 हजार रुपये के जेवर थे।
खयालीगंज लखनऊ निवासी जाहिदा खातून पत्नी अतीक अहमद शनिवार को बाराबंकी डिपो की बस संख्या यूपी 41 टी- 4773 से मिठवारा से लखनऊ जा रही थी। यात्रा के समय एक बैग जिसमेें एक सोने का हार, दो झुमकी, एक अगूंठी, एक नोजपिन था, बस में छूट गया।
परिचालक शिवांबुकर पांडेय को बैग मिला तो उसने इसकी जानकारी एआरएम आरएस वर्मा को दी। कुछ देर बाद एक महिला परेशान हालत में आई। उससे सारी जानकारी ली गई जब साफ हो गया बैग उसी का है तो उसे बैग वापस कर दिया गया। महिला ने जैसे ही बैग खोला उसमें सारे जेवर उसी तरह मिले तो उसकी आखों में आंसू आ गए। परिचालक की ईमानदारी देख सभी ने खूब प्रसंशा की।