कोटवाधाम/त्रिवेदीगंज(बाराबंकी)। खेतों में आग लगने का सिलसिला धमने का नाम नहीं ले रहा है। शनिवार को भी दो स्थानों पर आग लगने से 26 बीघा गेहूं की फसल जल गई। वहीं तीसरी जगह ग्रामीणों की सजगता से नुकसान नहीं हो पाया।
सिरौलीगौसपुर तहसील के खोर एत्मादपुर गांव के निवास किसान गब्बर के खेत में पड़े फसल अवशेष से अचानक आग लग गई, जो तेज पछुवा हवा के कारण फैलकर गेहूं की खड़ी फसल तक जा पहुंची। 20 बीघा फसल जल गई। किसान प्रेम शंकर व सीताकांत की तीन बीघे, लक्ष्मी नारायण की छह बीघा, भारत लाल, मदनलाल, मोतीलाल, नवमी लाल की दो बीघा, देवीदीन की एक बीघा, राम प्रसाद की दो बीघा, विकास व सहजराम की दो बीघा, राजेश कुमार व सुनील कुमार की चार बीघा फसल शामिल है। अग्निशमन कर्मी वाहन समेत पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणोें की मदद से किसी तरह आग पर काबू पाया।
तहसीलदार शरद सिंह ने बताया कि फसल नुकसान का आंकलन कराया गया है। जिन किसानों की फसल जली है। उन्हें उचित मुआवजा दिया जाएगा। त्रिवेदीगंज ब्लाक के देवीपुर गांव में भी खेतों में आग कंबाइन मशीन से फसल कटवाने के बाद बचे अवशेष से लगी। इसके बाद मनोज तिवारी, दुर्गेश तिवारी व रमेश तिवारी की छह बीघा गेहूं फसल जल गई।
रास्ता न होने से वापस लौटी दमकल
देवीपुर गांव के खेतों में आग की सूचना पर दमकल वाहन पहुंचा, लेकिन खेत तक जाने का रास्ता न होने से वाहन को वापस लौटना पड़ा। दमकल वाहन लौटने की सूचना किसानों ने एसडीएम को दी। इसके बाद छोटा दमकल वाहन भेज कर आग पर काबू पाया गया। वहीं विशुनदासपुर गांव में शनिवार की दोपहर यूकेलिप्टस की बाग में कुछ शरारती तत्वों ने आग लगा दी। खेतों में काम कर रहे ग्रामीणों ने तालाब से पानी भर कर आग को फैलने से पहले ही उस पर काबू पा लिया। इससे बाग के निकट खेतों में लगी फसल तक आग नहीं पहुंचने से फसलों को होने वाला नुकसान बचाया जा सका। पुलिस आग लगाने वाले शरारती तत्वों की तलाश कर रही है। (संवाद)