बाराबंकी। जिले में कुपोषण और अन्य कारणों से टीबी (क्षय रोग) के मरीजों की संख्या काफी अधिक है लेकिन स्वास्थ्य विभाग के प्रयासों से स्थिति में सुधार हो रहा है। वर्तमान में जिले में 6147 मरीजों का इलाज जारी है और 160 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त करने का लक्ष्य तय किया गया है। पहले 80 गांवों को मुक्त करने का दावा है।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए जा रहे क्षय रोग उन्मूलन अभियान के तहत वर्ष 2023 में 80 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त करने का दावा किया गया था। इस अभियान में अब तक 3342 मरीजों को पोषण पोटली वितरित की जा चुकी है जिससे उनके इलाज में मदद मिल रही है।
टीबी से पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद जिले के 414 लोग अब टीबी चैंपियन बनकर अन्य मरीजों को जागरूक कर रहे हैं। इनमें से करीब 50 लोग ऐसे हैं जो बीमारी के दौरान काफी कमजोर हो गए थे लेकिन सही इलाज और पोषण से अब पूरी तरह स्वस्थ हैं।
29 मार्च को ग्राम प्रधानों का होगा सम्मान
स्वास्थ्य विभाग ने 29 मार्च को टीबी उन्मूलन अभियान में सहयोग करने वाले ग्राम प्रधानों को सम्मानित करने का निर्णय लिया है। इससे स्थानीय स्तर पर अभियान को और मजबूती मिलेगी।
जिले को वर्ष 2025 तक टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है जिसके तहत उन क्षेत्रों में विशेष ध्यान दिया जा रहा है जहां अभी भी मरीजों की संख्या अधिक है। हर सीएचसी पर जांच की सुविधा उपलब्ध है।
- डॉ. राजीव टंडन, जिला क्षय रोग अधिकारी