चित्रकूट। कोरोना काल में शाखाओं का संचालन बंद हो गया था। अब तीसरी लहर का सामना संघ कार्यकर्ता डटकर करेंगे। इसके लिए पूरे देश में कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा। यह प्रशिक्षण अगस्त माह में पूरा हो जाएगा।
सितंबर से गांव और बस्तियों में जन जागरण चलाया जाएगा। जन जागरण अभियान में स्वयंसेवी संस्थाओं का भी सहयोग लिया जाएगा। प्रशिक्षित कार्यकर्ता लगभग ढाई लाख स्थानों पर पहुंचकर तीसरी लहर से बचाव का काम संभालेंगे। संघ की राष्ट्रीय चिंतन बैठक में तीसरे दिन इस विषय पर काफी मंथन और चर्चा हुई। संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील अंबेकर ने बताया कि बैठक में संगठनात्मक गतिविधियों के अलावा कोरोना महामारी की भी समीक्षा की गई।
संभावित तीसरी लहर में शासन और प्रशासन का सहयोग और पीड़ितों की सहायता का निर्णय लिया गया। प्रचार प्रमुख ने बताया कि देश में संघ की 34,454 शाखाएं चल रहीं हैं। 27,166 शाखाएं मैदान में आयोजित हो रहीं हैं। ऑनलाइन भी संचालन हो रहा है। बताया कि साप्ताहिक मिलन के 10,130 आयोजन हो रहे हैं। इनमें 6510 कार्यक्रम मैदानों में प्रत्यक्ष रूप से शुरू हुए हैं। बताया कि ई-मिलन में 3620 कार्यक्रम हैं। देश भर में 9637 कुटुंब मिलन चल रहे हैं।
विद्यार्थियों को राष्ट्र भक्ति की प्रेरणा दी
चित्रकूट। राष्ट्रीय चिंतन बैठक में संघ शिक्षा वर्ग में संघ की शाखाओं के माध्यम से नए कार्यकर्ताओं का बौद्धिक ज्ञान, सामाजिक गतिविधियों में भाग लेेने आदि मुद्दों पर मंथन हुआ। छात्र-छात्राओं को राष्ट्रभक्ति के प्रति प्रेरित करने को कहा गया। बौद्धिक ज्ञान के बारे में कहा गया कि विश्व में क्या हो रहा, आगे क्या हो सकता है आदि सहित भारतीय संस्कृति के ज्ञान पर जोर दिया गया। पाठ्यक्रमों में बदलाव की जरूरत बताई गई। स्वस्थ रहने के लिए योग और आयुर्वेदिक दवाओं के सेवन की वकालत की गई। (संवाद)
श्रमदान भी कर रहे संघ के सारथी
चित्रकूट। आरोग्यधाम में हो रही चिंतन बैठक में संघ पदाधिकारी रोजाना श्रमदान भी कर रहे हैं। पौधरोपण और मंदाकिनी नदी तथा परिक्रमा मार्ग की सफाई की जा रही है। उधर, पंचगव्य क्रिया से होने वाले स्वास्थ्य लाभों के बारे में जानकारियां दी जा रहीं हैं। इसमें गोमूत्र के प्रयोग सहित अन्य आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों के बारे में संघ पदाधिकारी जानकारियां ले रहे हैं। कई पदाधिकारियों ने इस पद्धति से इलाज का अनुभव भी किया। (संवाद)