बांदा। हाईवे पर फर्राटा वाहन दौड़ाने वालों पर परिवहन विभाग ने फिर शिकंजा कसा है। सड़कों पर वाहन चलाने की रफ्तार निर्धारित कर दी है। मोटरयान अधिनियम और उत्तर प्रदेश मोटर नियमावली 1988 के अंतर्गत परिवहन विभाग ने निर्धारित स्थल तक वाहनों की रफ्तार निर्धारित की है।
सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी राजेश कुमार वर्मा ने जारी अधिसूचना में बताया कि बांदा से चिल्ला पुल तक (बहराइच-बांदा मार्ग) पर दो पहिया व तीन पहिया वाहन 40 किलोमीटर प्रति घंटा, चालक सहित सात सीटों वाले वाहन और 8 से 12 सीटों वाले वाहन 60 किलोमीटर तथा माल ढोने वाले सभी वाहन 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार के अंदर चलेंगे।
इसी तरह औगासी से करतल तक (फतेहपुर-करतल मार्ग), बांदा से कमासिन, बांदा से कालिंजर और बबेरू से सिकहुला तक दो पहिया व तीन पहिया 40 किलोमीटर, चालक सहित 7 सीटों वाले वाहन 60 किलोमीटर, चालक सहित 8 से 12 सीटों वाले वाहन 60 किलोमीटर और मालयान और अन्य वाहन 50 किलोमीटर प्रति घंटा चलेंगे।
बबेरू से सिकहुला तक उक्त सभी वाहनों की रफ्तार 40 किलोमीटर प्रतिघंटा रहेगी। एआरटीओ ने कहा है कि प्रतिबंधित स्थान के दोनों ओर छोर पर साइन बोर्ड और रेट्रो रेफलेक्टिव टेप लगाया जाएगा। फायर ब्रिगेड वाहन, एंबुलेंस, पुलिस वाहन, कानून एवं व्यवस्था में लगे सैन्य बल व अर्द्ध सैन्य बलों के वाहन, प्राकृतिक आपदा प्रबंधन में लगे वाहनों पर यह नियम/प्रतिबंध लागू नहीं होगा।