शौच को जाते समय ठंड लगने से ग्राम प्रधान बेहोश हो गया। जिला अस्पताल से कानपुर ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। एक महिला और एक किसान की भी ठंड ने जा ले ली। इन्हें मिलाकर ठंड से मरने वालों की संख्या 39 हो गई है।
बरसड़ा मानपुर गांव के प्रधान सुरेश कुमार चतुर्वेदी (48) सोमवार को देर रात बालाजी से लौटने के बाद घर से शौच के लिए जा रहे थे। तभी बेहोश होकर गिर गए। घर वालें उन्हें जीप में नरैनी लाए। यहां से सुबह जिला अस्पताल भेज दिया गया। वहां डॉक्टरों ने कानपुर के लिए रेफर कर दिया। शहर से कुछ ही दूर मवई गांव के पास प्रधान की मौत हो गई।
खबर सुनकर बड़ी संख्या में लोग उनके घर शोक जताने पहुंचे। सुरेश कुमार छात्र जीवन में रीवा विश्वविद्यालय के अध्यक्ष भी रहे। राष्ट्रीय पंचायतीराज ग्राम प्रधान संगठन मंडल उपाध्यक्ष डॉ.श्यामबिहारी पाठक और ब्लाक अध्यक्ष दिनेश कुमार त्रिपाठी की उपस्थिति में ब्लाक सभागार में दो मिनट का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।
जुगुल किशोर द्विवेदी (मुकेरा), रामपाल गर्ग (गुढ़ाकलां), रामकेश सिंह राजपूत (बरुआ कालिंजर), राजकिशोर (पिपरा), लालाराम (नौगवां), बृजजीवन यादव (अतर्रा ग्रामीण) और मनोज द्विवेदी (ओरहा) आदि उपस्थित रहे।
उधर खत्री पहाड़ (शेरपुर) में सुंदरी (35) पत्नी नरेंद्र की सोमवार की रात ठंड लगने से मौत हो गई। बताया गया कि रात में खाना खाने के बाद बिस्तर पर लेटी। सुबह ठंड से अकड़ी मिली। ओरन प्रतिनिधि के मुताबिक रानीपुर (कमासिन) निवासी किसान रामबक्श (60) पुत्र महताब की ठंड लगने से मौत हो गई। मंगलवार को सुबह वह अकड़ा मिला।