आर्थिक गणना टीम को अपने आवास से हरी झंडी दिखाकर रवाना करते डीएम हीरा लाल।
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बांदा। सातवीं आर्थिक गणना प्रक्रिया शुरू हो गई। इसमें लगाए गए कर्मचारी घर-घर जाकर सर्वेक्षण करेंगे। रविवार को डीएम हीरा लाल ने अपने सरकारी आवास से सर्वेक्षण कर्ताओं की टीम को हरी झंडी दिखाकर फील्ड के लिए रवाना किया।
सातवीं आर्थिक गणना शहरी और ग्रामीण दोनों ही क्षेत्रों में होगी। इसमें केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार सभी उद्यमों की स्थिति, कार्य की प्रगति, रोजगार इत्यादि के आधारभूत आंकड़े संग्रह किए जाएंगे। इन्हीं आंकड़ों से प्रदेश के विकास की नीति का निर्धारण और नियोजन होगा।
आर्थिक गणना कॉमन सर्विस सेंटर द्वारा मोबाइल एप्प के जरिए की जाएगी। टीमों को रवाना करते हुए डीएम ने कहा कि सर्वे में कोई परिवार छूटना नहीं चाहिए। सर्वेयर (प्रगणक) परिवारों के निर्धारण में पूरी सावधानी बरतें। शत-प्रतिशत परिवारों का पर्यवेक्षण किया जाना है।
डीएम ने प्रगणकों से कहा कि लोगों को यह बात बताएं कि आर्थिक गणना बहुत जरूरी है। विकास में साधक है। उन्होंने गणना में बांदा जनपद को रैंकिंग में अव्वल नंबर पर लाने को कहा। यह भी कहा कि प्रगणकों की समस्या के निस्तारण को कॉल सेंटर की व्यवस्था की गई है।
जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी संजीव कुमार बघेल ने प्रगणकों को निर्देश दिया कि आंकड़ों की शुद्धता पर पूरा फोकस करें। बताया कि अनुसूची भरने में कमी पाए जाने पर पेनॉल्टी क्लास भी डाला गया है। आर्थिक गणना के जिला प्रबंधक मोहम्मद जकी ने बताया कि गणना के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में 1413 और शहरी क्षेत्रों में 180 प्रगणक लगाए गए हैं। टीमों की रवानगी के अवसर पर अपर सांख्यिकीय अधिकारी राजेश कुशवाहा, जिला प्रबंधक ध्रू कुमार, समन्व,यक अनिल कुमार इत्यादि उपस्थित थे।