बांदा। रंगदारी वसूलने जैसे गंभीर आरोपों में जेल से जमानत में छूटीं जनता दल (यू) की प्रदेश उपाध्यक्ष एवं बुंदेलखंड प्रभारी शालिनी सिंह पटेल ने मंगलवार को मीडिया वार्ता में पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए। कहा कि उन्हें और परिवार को साजिश के तहत प्रताड़ित किया जा रहा है। मुकदमे के खिलाफ वह हाईकोर्ट में अपील करेंगी।
शालिनी ने बताया कि 29 जुलाई को उनके खिलाफ रिक्शा चालक की तहरीर पर एससीएसटी एक्ट के तहत पांच लाख रुपये लेने और 10 लाख रुपये रंगदारी मांगने की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। एफआईआर दर्ज होने से पहले 28 जुलाई की शाम पांच बजे से पुलिस ने जेडीयू कार्यालय के बाहर पुलिस बल तैनात कर दिया था। रात करीब एक बजे 24 पुलिस कर्मी उनके घर में घुस आए।
पुलिसकर्मियों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया, मोबाइल फोन छीन लिए। वीडियो और फोटो डिलीट करवा दिए। घर में लगे सीसीटीवी का डीवीआर उखाड़ लिए। अलमारी से नकद रुपये व जेवर आदि सामान उठा ले गए। उन्हें हिरासत में लेकर रातभर मध्य प्रदेश की पहाड़ियों पर घुमाया गया। शालिनी सिंह पटेल ने बताया कि कुछ प्रभावशाली लोगों के इशारे पर पुलिस उनके साथ साजिश कर रही