बांदा/तिंदवारी। थाना क्षेत्र के परसौड़ा गांव में गुरुवार की रात देवराज वर्मा की 28 वर्षीय पत्नी सरस्वती घर में संदिग्ध हालात में आग से झुलस गई। बेहद नाजुक अवस्था में उसे जिला अस्पताल लाया गया। यहां देर रात उसकी मौत हो गई। घर के लोग दीपक से कपड़ों में आग लगने की दलील दे रहे हैं। पति मजदूर है।
उधर, सरस्वती के पिता बाबूलाल अहिरवार ने दहेज के लिए उत्पीड़न और हत्या बताया है। आरोप लगाया कि ससुराल में सरस्वती के साथ आए दिन दहेज के लिए मारपीट और प्रताड़ना की जा रही थी। मृतका अपने पीछे चार माह की बालिका छोड़ गई है। पुलिस को फिलहाल मायके या ससुराल पक्ष से कोई तहरीर नहीं मिली है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
एक दूसरी घटना में कबीर नगर (तिंदवारी) में शनिवार को दोपहर रीतू देवी (26) पत्नी सदानंद ने ससुराल में कमरा बंद कर साड़ी से फांसी पर झूलने की कोशिश की। घर की महिलाओं ने तत्काल फंदा खोलकर उसे पीएचसी पहुंचाया।
यहां से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। घटना की पृष्ठभूमि पता नहीं चल सकी। उधर, बबेरू कोतवाली क्षेत्र के हरदौली गांव में आरती (20) पत्नी दीपक शनिवार को सुबह ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों के बीच आग से झुलस गई। उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घरवालों का कहना है कि खाना बनाते समय कपड़ों में आग लग गई थी। पुलिस ने बयान दर्ज किए हैं।
घर में वृद्ध किसान का शव मिला
बांदा। कांस्टेबल के वृद्ध भाई का शव घर में मिला। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया है। पैलानी थाना क्षेत्र के खप्टिहा कलां गांव निवासी छत्रपाल वर्मा (65) शुक्रवार को दोपहर खेत से घर लौटा और कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई।
वह अकेला था। ग्रामीणों की सूचना पर थाना पुलिस ने निरीक्षण किया और पूछताछ की। पैलानी थाना इंस्पेक्टर बलजीत सिंह ने बताया कि मृतक के दो पुत्र हिसार (हरियाणा) और अहमदाबाद में हैं। भाई इटावा में कांस्टेबल है। लॉकडाउन से पुत्रों के घर न लौट पाने पर अन्य परिजनों को पोस्टमार्टम के बाद शव अंतिम संस्कार के लिए सौंपा जाएगा।