दो बाइकों पर सवार पांच नकाबपोश बदमाशों ने शुक्रवार की रात जेल की नाक तले और नेशनल हाइवे के किनारे स्थित पेट्रोलपंप पर धावा बोल दिया। यहां कर्मचारी को बंधक बनाकर लूटपाट की कोशिश की। इस बीच अंदर से केबिन बंद करने वाले दूसरे कर्मचारी पर गोली चला दी। इससे वह घायल हो गया।
केबिन न खुलने से बदमाश लूटपाट नहीं कर सके। घटना मंडल कारागार के नजदीक स्थित बीएल पेट्रोलपंप की है। शुक्रवार की रात पेट्रोलपंप में विजय कुमार और संजय तिवारी ड्यूटी कर रहे थे। रात करीब डेढ़ बजे दो बाइकों से पांच बदमाश आए। सभी मुंह पर कपड़ा बांधे थे। उन्होंने बाइकों में पेट्रोल डालने को कहा।
कर्मचारी विजय ने एक बाइक में 500 रुपये का तेल डाल दिया। रुपये मांगने पर एक बदमाश ने विजय की कनपटी में तमंचा अड़ा दिया और उसकी तलाशी ली। विजय के पास कुछ न मिलने पर उसे धमकाते हुए केबिन खुलवाने को कहा। कांच के बने केबिन के अंदर संजय तिवारी और संदीप सो रहे थे।
विजय ने आवाज लगाकर उन्हें जगाया और बदमाशों द्वारा बंधक बनाए जाने की जानकारी दी। संदीप ने तुरंत दरवाजा खोला और बदमाश के तमंचे पर झपट्टा मारा। बदमाश पीछे हट गया। मौका पाते ही कर्मचारियों ने तुरंत केबिन लॉक कर लिया। एक बदमाश ने तमंचे से केबिन की तरफ फायर कर दिया।
गोली कांच को तोड़ती हुई अंदर मौजूद विजय (35) के हाथ में लगी। वह लहूलुहान हो गया। यह देख बदमाश भाग गए। घायल विजय को जिला अस्पताल ले जाया गया। पेट्रोलपंप मैनेजर इंद्रेश शर्मा ने बताया कि घटना की सूचना सिविल लाइंस चौकी पुलिस और कोतवाली को दी गई।
कोतवाली इंस्पेक्टर हरीशंकर राय और उप निरीक्षक एके सिंह ने मौके पर आकर निरीक्षण किया। मैनेजर ने यह भी बताया कि अब वह पेट्रोलपंप रात 11 बजे बंद करा देंगे। गौरतलब है कि पेट्रोल पंप के सामने ही चंद कदम की दूरी पर जेल है।
जहां गेट पर रातदिन संगीनधारी जेल बंदी रक्षकों की ड्यूटी रहती है। कुछ ही दूरी पर कचहरी और पुलिस अधीक्षक कार्यालय है। इसके बावजूद वारदात हो गई।