बांदा। आरक्षण के खिलाफ आपत्तिकर्ताओं की दलीलों को दरकिनार कर अफसरों ने शासन की गाइडलाइन का हवाला देकर डीडीसी, बीडीसी और ग्राम पंचायत वार्डों के आरक्षण पर अंतिम मुहर लगा दी। आपत्तिकर्ताओं का आरोप था सीटों का आरक्षण मनमाने तरीके से किया गया है।
दूसरे दिन कुल 54 आपत्तियों का निस्तारण हुआ। कलक्ट्रेट सभागार में दूसरे दिन शुक्रवार को अधिकारियों ने जिला पंचायत की 26, क्षेत्र पंचायत की 23 व ग्राम पंचायत सदस्य की 5 आपत्तियों का निस्तारण किया गया। दीपक सिंह ने कहा कि जिला पंचायत के वार्ड आठ का आरक्षण जातिगत जनसंख्या को दरकिनार कर किया गया है। राजनारायण द्विवेदी ने आरोप लगाया कि जनसंख्या को आधार मानकर आरक्षण नहीं किया गया। राकेश कुमार, सुनील सिंह, धीरेंद्र सिंह, जगदीश सिंह ने जिला पंचायत सीटों के आरक्षण पर सवाल किए। अधिकारियों से गाइडलाइन का पालन करने का अनुरोध किया।
भोला प्रसाद, अभिषेक द्विवेदी, चुनकाई, वीरेंद्र सिंह ने आपत्तियों पर गंभीरता से सुनवाई न करने को लेकर नाराजगी जाहिर की। सीडीओ हरिश्चंद्र वर्मा ने कहा कि नियमानुसार आपत्तियों का निस्तारण कर अंतिम सूची का प्रकाशन किया जाएगा। डीपीआरओ सर्वेश कुमार ने कहा कि आरक्षण शासन द्वारा दी गई व्यवस्था के अनुसार किया गया है। सहमति के आधार पर आपत्तियों का निस्तारण करने की घोषणा की, लेकिन आपत्तिकर्ता इससे संतुष्ट नहीं दिखे। इस मौके पर परियोजना निदेशक ग्राम्य विकास आरपी सिंह, अपर जिला पंचायत राज अधिकारी रमेशचंद्र गुप्ता, जिला समन्वयक मनोज द्विवेदी समेत आपत्तिकर्ता मौजूद रहे।