बदौसा। हैंडपंप में नहाने के दौरान बिजली पोल के सपोर्टिंग तार में उतरे करंट से हुई मां-बेटी की मौत के मामले में थाने में मृतका के देवर की तहरीर पर बिजली ठेकेदार व सुपरवाइजर के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। साथ ही एसडीओ अतर्रा ने जांच कमेटी गठित कर दी है। उधर, एसडीएम अतर्रा ने पांच लाख रुपये दुघर्टना मुआवजा देने की बात कही है।
थाना क्षेत्र के चन्दौर गांव के मजरा गर्गपुर के बगलनपुरवा में हुई उर्मिला (55) व उसकी बेटी रेखा (20) की हैंडपंप में नहाने के दौरान करंट से मौत हो गई थी। इस घटना में ग्रामीणों ने बताया कि उर्मिला के पति की पांच साल पहले बीमारी के चलते मौत हो गई थी। उनके हिस्से में डेढ़ बीघा जमीन थी। पिता की मौत के बाद दो बेटे दिनेश व उमेश सूरत में प्राइवेट कंपनी में मजदूरी करके परिवार का भरण पोषण कर रहे हैं। दो पुत्रियों की शादी हो चुकी है।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में विद्युतीकरण का कार्य चल रहा है। यहां नए पोल व वायर डाले जा रहे हैं। उर्मिला के घर के सामने भी नया बिजली का सीमेंट का पोल लगाया गया था। इसी के सपोर्टिंग तार में आए करंट से दोनों मां-बेटी की मौत हुई है।
उधर, मृतका उर्मिला के देवर तुलसीदास ने बिजली ठेकेदार कुलदीप सिंह व सुपरवाइजर रौनक सिंह के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। इस प्रकरण पर उपखंड अधिकारी अतर्रा विमलेश कुमार ने एक जांच कमेटी भी गठित की है। बदौसा इंस्पेक्टर सविता श्रीवास्तव ने बताया कि मृतका के देवर की तहरीर पर आरोपी ठेकेदार व सुपरवाइजर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। विवेचना वह खुद कर रहीं हैं। दोनों शवों का पोस्टमार्टम कराया गया है। उनका गांव में अंतिम संस्कार भी किया गया है।