कृषि विश्वविद्यालय कुलपति डॉ.यूएस गौतम।
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उत्तर प्रदेश कृषक समृद्धि आयोग के सदस्य और कामधेनु संवर्धन एवं अनुसंधान केंद्र, झांसी के संस्थापक एवं निदेशक श्याम बिहारी गुप्ता ने कहा है कि बुंदेलखंड में शुद्ध वायु और सेहत का राज्य यहां गोवंश की अधिकता है। उन्होंने कहा कि ऊर्जा का सबसे बड़ा स्रोत गाय का गोबर और गोमूत्र है।
सोमवार को यहां कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय में चल रहे अधिष्ठापन सप्ताह में आए श्री गुप्ता ने उपरोक्त बातें अपने संबोधन में कहीं। उन्होंने कहा कि पिछले 24 वर्षों से गांव, गाय, गोमूत्र और गोबर पर अनुंसधान किया जा रहा है। दूध की अपेक्षा गोबर और गोमूत्र में ज्यादा आमदनी है। प्राकृतिक कृषि पद्धति के जानकार आचार्य अविनाश ने कहा कि प्राकृतिक खेती पदमश्री सुभाष पालेकर की बताई विधियों पर आधारित है।
लाभदायक जीवजंतुओं की कमी से वातावरण प्रदूषित हो रहा है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे विश्वविद्यालय कुलपति डॉ.यूएस गौतम ने भरोसा दिलाया कि विश्वविद्यालय में प्राकृतिक खेती के ऊपर शोध के लिए ट्रायल लगाया जाएगा। उन्होंने कहा कि गोमूत्र से जितने भी उत्पाद बनाए जा रहे हैं उसमें विश्वविद्यालय का कोई भी छात्र काम करना चाहता है तो हर संभव सहायता दी जाएगी। निदेशक प्रसार डॉ.एनके वाजपेई ने गोवंश की प्रासंगिकता बताई। संचालन सहायक अध्यापक डॉ.बीके गुप्ता ने किया।