बांदा। इस वर्ष चित्रकूटधाम मंडल में 80,650 मीट्रिक टन धान खरीदा जाएगा। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए चारों जिलों में 51 क्रय केंद्र खोले गए हैं। शुक्रवार पहली नवंबर से खरीद शुरू हो रही है, लेकिन तैयारियां अधूरी हैं। केंद्रों में न तो इलेक्ट्रिक कांटा है, न ही नमी मापक मशीन और बारदाना। किसानों के लिए छाया, पानी आदि का भी इंतजाम नहीं है। इस वर्ष खरीद टोकन से होगी। ए ग्रेड धान 1835 रुपये और सामान्य धान 1815 रुपये प्रति क्विंटल खरीदा जाएगा।
शासन के निर्देश पर पहली नवंबर से धान खरीद शुरू हो रही है। चित्रकूटधाम मंडल में सिर्फ दो जिलों में धान की पैदावार होती है। इन्हीं दोनों जिलों में खरीद केंद्र खोले गए हैं। बांदा में 72,650 मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य है। इसके लिए विभिन्न एजेंसियों के 39 खरीद केंद्र खोले गए हैं। चित्रकूट जिले में 8000 मीट्रिक टन धान खरीद के लिए 12 क्रय केंद्र बनाए गए हैं। शासन के निर्देश के मुताबिक खरीद केंद्रों में पर्याप्त बोरा, कांटा, पंखा, छन्ना व नमी मापक मशीन समेत किसानों के बैठने के लिए छाया, पानी और रोशनी की व्यवस्था होनी चाहिए, लेकिन अधिकांश केंद्रों में ये सुविधाएं नहीं हैं। कुछेक में इक्का-दुक्का ही व्यवस्थाएं हैं। पूर्व संध्या पर गुरुवार को केंद्रों पर तैयारियां नहीं दिखाई दीं। अधिकांश केंद्रों पर ताले पड़े रहे।
12 हजार किसानों ने कराया पंजीयन
बांदा में धान की बिक्री के लिए अब तक 8000 और चित्रकूट में 4000 किसानों ने ऑनलाइन पंजीयन कराया है। इतने कम पंजीयन के सवाल पर अधिकारियों का तर्क है कि साइट खुली हुई है, पंजीयन का सिलसिला जारी है। शासन की नई नीति के अनुसार गेहूं की बिक्री के लिए पंजीयन कराने वाले किसानों को धान बेचने के लिए पंजीयन नहीं कराना होगा। ऐसे 21 हजार से अधिक किसान पहले से पंजीकृत हैं।
क्रय केंद्रों को मिली 10 लाख एडवांस राशि
शासन ने धान खरीद केंद्र प्रभारियों को 10-10 लाख रुपये एडवांस देने के निर्देश दिए थे, लेकिन विपणन विभाग को छोड़कर अन्य एजेंसियों ने इस आदेश पर अमल नहीं किया है। ऐसे में पब्लिक फाइनेंशियल मैनेजमेंट सिस्टम (पीएफएमएस) के जरिये किसानों को 72 घंटे में भुगतान के शासनादेश पर अमल होना मुश्किल है। उधर, पीसीएफ प्रबंधक प्रवीण का कहना है कि खरीद शुरू होने से पहले ही केंद्र प्रभारियों को एडवांस धनराशि मिल जाएगी।
धान खरीद की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। किसानों को सामान्य धान का प्रति क्विंटल 1815 रुपये व ‘ए’ ग्रेड धान का 1835 रुपये भुगतान निर्धारित समय के अंदर ही किया जाएगा। पैसा व बारदाना की कोई कमी नहीं है। केंद्रों में इलेक्ट्रानिक कांटा, नमी मापक मशीन, छन्ना आदि उपलब्ध हैं। -देवीदास, संभागीय खाद्य नियंत्रक, चित्रकूटधाम मंडल बांदा।