नवीन मंडी, पालीटेक्निक कॉलेज में घटिया निर्माण पाए जाने पर डीएम ने कड़ा रुख अपनाया है। मंडी समिति निर्माण खंड के उप निदेशक सहित अन्य संबंधित अफसरों पर कार्रवाई के लिए शासन को पत्र भेजने और टीएसी जांच के निर्देश दिए।
अधिकारियों को निर्माण कार्य गुणवत्ता पूर्ण और समय से कराने को कहा। मंगलवार को डीएम सुरेश कुमार ने पड़ुई गांव में बन रही नवीन मंडी अवस्थापना केंद्र का औचक निरीक्षण किया। गोदाम की दीवारों का प्लास्टर उखड़ा और नीलामी चबूतरा घटिया पाए जाने पर सहायक अभियंता एसके त्रिपाठी को फटकार लगा मानक के अनुसार निर्माण के निर्देश दिए।
दूसरे गोदाम में नमी और नालियां घटिया होने पर उप निदेशक निर्माण खंडों के सभी अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई के लिए शासन को पत्र भेजने के निर्देश दिए। समीप बन रहे पालीटेक्निक कालेज का भी डीएम ने निरीक्षण किया। घटिया ईंट से बनाई गई दीवार गिराने का निर्देश दिया।
यूपीएसडी जल निगम सहायक अभियंता जगन्नाथ पटेल को अच्छी ईंट इस्तेमाल करने को कहा। प्लास्टर में सीलन मिलने पर डीएम ने टीएसी जांच के आदेश दिए। निरीक्षण के दौरान जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी आरडी यादव, पीडब्ल्यूडी सहायक अभियंता और डीएम के ओएसडी मुहीब अहमद साथ रहे।
पनगरा पेयजल योजना भी देखी
आठ करोड़ रुपये की लागत से बन रही पनगरा पेयजल योजना का भी डीएम ने निरीक्षण किया। मार्च माह तक काम पूरा करने के निर्देश दिए। सहायक अभियंता को हर हाल में विद्युतीकरण के निर्देश देते हुए चेतावनी दी कि विद्युतीकरण न होने पर पेयजल योजना चालू नहीं हुई तो संबंधित अधिकारी के विरुद्ध एफआईआर कर कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखा जाएगा।