बांदा। भीषण उमस भरी गर्मी में बिजली व्यवस्था एक बार फिर पटरी से उतरी है। 220केवी उपकेंद्र में फाल्ट से पहले रात में करीब दो घंटे पूरा शहर अंधेरे में रहा। वहां से आपूर्ति चालू हुई तो रात दो बजे 11 हजार केवी का तार टूट गया। इससे पीलीकोठी सब स्टेशन से जुड़े सभी पांच फीडर ठप हो गए। बिजली कर्मी फाल्ट ढूंढ़ने को पेट्रोलिंग करते रहे, तीन बजे फाल्ट तलाश पाए। सात बजे करीब सुबह बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी। इस बीच करीब 80 हजार की आबादी गर्मी में परेशान रही।
जनपद में इस समय दिन में तेज धूप रात में बदली होने के चलते उमस भरी गर्मी चरम पर है। ऐसे में बिजली का लोड भी बढ़ गया है। रिवैंप योजना के तहत शहर के तार से लेकर ट्रांसफार्मर व खंभे तक बदले गए हैं, पर यह भी जवाब दे रहे हैं। बिजली आपूर्ति लगभग पटरी से उतरी है। फाल्ट और ट्रिपिंग के नाम पर घंटों बिजली कटौती की जा रही है। चिल्ला रोड स्थित 220केवी से मंगलवार की रात फाल्ट के चलते आपूर्ति रोक दी गई। करीब 12 बजे बिजली गई तो दो बजे बहाल हुई। इस बीच पूरा शहर व आसपास के गांव दो घंटे अंधेरे में रहे।
इसके बाद पीलीकोठी उपकेंद्र से जुड़े अलीगंज फीडर की मुख्य लाइन (11 हजार केवी) का तार टूट गया। पीलीकोठी से जुड़े अलीगंज, टेलीफोन, स्टेशन रोड, महेश्वरी देवी फीडर की लाइट बंद कर दी गई। गर्मी से परेशान उपभोक्ताओं के फोन करने पर बिजली कर्मी पेट्रोलिंग के लिए निकले। करीब तीन बजे तक वह फाल्ट तलाश पाए। पीलीकोठी पावर हाउस के बाहर अलीगंज फीडर का 11 हजार लाइन का तार चुपौले के पास टूटा मिला।
तार जोड़ने में करीब तीन घंटे का समय लग गया। सुबह पांच बजे अलीगंज फीडर में दो जगह इंसुलेटर और डिस्क पंचर हो गए। जिला परिषद चौराहे के पास व जामा मस्जिद के पास दोनों जगह एक घंटे काम चला। सात बजे लाइट आई तो लोगों ने राहत की सांस ली। हालांकि सुबह छह से सात बजे तक पेयजल आपूर्ति का समय होता है। बिजली न होने से लोग पानी भी नहीं भर पाए। पीलीकोठी के पांच फीडर से जुड़ी करीब 80 हजार की आबादी रात भर बिना बिजली परेशान रही।
-रात में एचटी लाइन का तार टूटने से रात में करीब तीन-चार घंटे आपूर्ति प्रभावित हुई है। कर्मचारियों को भेजकर तत्काल लाइन दुरुस्त कर चालू कराई गई है। -चंदन यादव, उप खंड अधिकारी, पीलीकोठी, बांदा।