गरीब मजदूरपेशा जरूरतमंद को राशन की किट देतीं सीमा नंदा।
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बांदा। लॉकडाउन ने काम-धंधा, रोजगार, मजदूरी आदि पर ‘लॉक’ लग गया है। ऐसे में दिहाड़ी मजदूर पेशा और रोज कमाने-खाने वालों के यहां चूल्हे जलना मुश्किल पड़ रहा है। इन परिस्थितियों में मानवता भी जाग रही है। स्वयंसेवी संगठन, जनप्रतिनिधि और राजनीतिक दल इन जरूरतमंदों की खाली थाली में भोजन परोसने में जुट गए हैं।
लॉकडाउन हुए तीन दिन बीत गए। किसी परेशान हाल के घर राशन की किट या राहत की कोई सामग्री सरकार की तरफ से नहीं पहुंची। अलबत्ता स्वयंसेवी और कुछ संगठन आगे आए हैं। इसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) भी शामिल हैं। आरएसएस के जिला संघ चालक रमाशंकर श्रीवास्तव ने शुक्रवार को जारी प्रेस नोट में बताया कि जरूरतमंदों को राशन उनके घर पहुंचाया जाएगा। ऐसे निर्धन लोगों के बारे में मोबाइल नंबर- 9554758428 (दिलीप), 7905153792 (श्रवण कुमार), 8176025068 (सक्षम), 8948347100 (मोहित), 7007471146 (शशांक), 6307831339 (पवन), 7348721170 (धनंजय) और 8381990330 (राष्ट्रदीप) को कॉल करके सूचना दें।
उधर, भाजपा की नगर यूनिट ने शहर के सभी 22 सेक्टरों में प्रभारियों व बूथ अध्यक्षों के सहयोग से जरूरतमंदों को भोजन वितरण का निर्णय लिया है। शुक्रवार को विधायक प्रकाश द्विवेदी के डीएम कालोनी रोड स्थित आवास में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। साथ ही विधायक निवास में कंट्रोल रूम- 05192-220035 खोला गया है। इस पर भोजन आदि की सूचना दी जा सकेगी। उधर, रोटी बैंक पूर्व की भांति अभी भी रोजाना जरूरतमंदों को खाना पहुंचा रहा है। महिला संगठन चिराग फाउंडेशन की डा. शबाना रफीक ने बताया कि डाक्टरों के सहयोग से कांशीराम कालोनी के 30 जरूरतमंदों को चिह्नित कर मदद पहुंचाई जा रही है।
उधर, शहर के खुटला में बिजली विभाग के रिटायर्ड कर्मी मोहम्मद सुभान के नेतृत्व में वहां के बाशिंदे आसपास के जरूरतमंदों को राशन पहुंचा रहे हैं। उधर, शहर के व्यापारी राजेश नंदा और उनकी पत्नी सीमा नंदा ने शुक्रवार को 53 जरूरतमंदों को राशन की किट उनके घरों पर जाकर पहुंचाई। इनमें हिंदू-मुस्लिम दोनों ही धर्म के लोग शामिल थे। रोटी बैंक कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।