बांदा। स्कूल में मिड-डे मील खाने के बाद बालिका की हालत बिगड़ गई। नाजुक हालत में उसे जिला अस्पताल लाया गया। यहां कुछ ही देर में उसकी मौत हो गई। बालिका की मां ने मिड-डे मील गड़बड़ी की आशंका जताई है, जबकि डाक्टरों को आशंका है कि डायरिया से मौत हुई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
गिरवां थाना क्षेत्र के लोधन पुरवा में स्थित प्राथमिक विद्यालय में बुधवार को इसी गांव के लालबहादुर की 10 वर्षीय पुत्री रोशनी ने अन्य बच्चों के साथ बैठकर मिड-डे मील खाया। वह 5वीं कक्षा में पढ़ती थी। मिड-डे मील खाने के बाद उसे उल्टी हुई और तबियत बिगड़ गई।
स्कूल टीचर ने उसे घर भिजवा दिया। मां ममता उसे इसी हालत में लेकर स्कूल पहुंची और टीचर से खाने की बाबत जानकारी ली। प्रधानाध्यापक लाला भइया सिंह ने बताया कि दूध और तहरी बनी थी। 34 बच्चों ने एक साथ बैठकर खाया। अन्य किसी की तबियत नहीं बिगड़ी।
मां रोशनी को तत्काल जिला अस्पताल लाई। वह बेहोशी की अवस्था में थी। यहां उसका इलाज शुरू ही हुआ था कि कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। उधर, बालिका का उपचार करने वाले जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. विनीत सचान ने बताया कि बालिका को बेहोशी की हालत में लाया गया था। डायरिया हो सकता है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।