बांदा। छह बेटियों के बाद भी बेटा न होने से क्षुब्ध महिला ने घर के अंदर फंदा लगा लिया। परिजनों ने मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, वहां महिला ने दम तोड़ दिया।
शहर कोतवाली क्षेत्र के नवाब टैंक इलाके की रहने वाली कुशमीरा (40) ने मंगलवार को दोपहर एक बजे करीब अपने घर के कमरे को दोनों तरफ से बंद कर दुपट्टे से बांस की टट्टी में फंदा लगा लिया। घटना के समय पति लल्लू और देवर सुशील वर्मा अपना निवास प्रमाण पत्र बनवाने गए थे। लौटकर आने पर सभी बच्चे घर के बाहर खेलते मिले।
उन्होंने बताया कि मां नहीं मिल रही। तब दोनों ने घर के अंदर जाकर देखा और कमरे के रोशनदान से अंदर झांका तो कुशमीरा फंदे से लटक रही थी। उन्होंने पड़ोसियों के सहयोग से कमरे का दरवाजा तोड़कर उसे फंदे से उतारकर रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। वहां भर्ती करने के साथ ही महिला ने दम तोड़ दिया।
पति लल्लू ने बताया कि वह राजमिस्त्री है। उसकी पत्नी भी बेलदारी में उसका सहयोग करती थी। उसके छह बेटियां हैं। पुत्र एक भी नहीं है। पुत्र न होने की वजह से वह अक्सर परेशान रहती थी। इसी के चलते उसने खुदकुशी की है। शहर कोतवाल मनोज शुक्ला ने बताया प्रथम दृष्टया खुदकुशी है। परिजन बेटा न होने की वजह बता रहे हैं। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।