पैलानी क्षेत्र के सेमरा डेरा में आग से जला खलिहान और हरा पेड़।
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अग्निकांड की अलग-अलग घटनाओं में खेत-खलिहान और दुकान जल गईं। लाखों रुपये की संपत्ति राख के ढेर में बदल गई। आसपास के लोगों और फायर ब्रिगेड ने घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। शहर में सदर तहसील गेट के पास देर रात चार गुमटियां आग से राख हो गईं। इनमें रखा लाखों रुपये का सामान स्वाहा हो गया। उधर, पैलानी क्षेत्र के सेमरा डेरा में खलिहान में रखी फसल और हरे पेड़ जलकर नष्ट हो गए।
शुक्रवार की देर रात कलक्ट्रेट के नजदीक नेशनल हाइवे के फुटपाथ पर तहसील गेट में रखी गुटखा, पान, कोल्ड ड्रिंक, परचून व साइकिल पंचर की दुकानों में आग लग गई। राहगीरों ने नजदीक बने सार्वजनिक शौचालय से पानी लेकर आग बुझाने की कोशिश की। पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। फायर ब्रिगेड ने आग बुझाई।
दुकानदार राम गोपाल चौरसिया (कैलाशपुरी) ने बताया कि उसकी तीन गुमटियों में करीब पांच लाख का सामान जल गया। पप्पू (मर्दननाका) की साइकिल पंचर की दुकान भी जल गई। गौरतलब है कि छह माह पूर्व भी राम गोपाल की गुमटियों में अज्ञात लोगों ने आग लगा दी थी। कोतवाली में अज्ञात लोगों के खिलाफ तहरीर दी है।
खप्टिहाकलां प्रतिनिधि के मुताबिक पैलानी थाना क्षेत्र खप्टिहा गांव के मजरा सेमरा डेरा के दूली निषाद के खलिहान में आग लग गई। वहां रखी लाही, अरहर, चना, मसूर की फसल और नजदीक ही बने उसके भजीते नेता का घर भी जल गया।
चौकी इंचार्ज राजनारायण नायक ने फायर ब्रिगेड को सूचना दी। लेकिन अग्निशमन मौके पर नहीं पहुंची। ग्रामीणों ने किसी तरह आग बुझाई। लेखपाल राममोहन पटेल ने मौके का जायजा लिया। बताया कि इली निषाद समेत उसके पुत्र राममिलन, जगरूप व रामबली की फसल जल गई। लाखों का नुकसान हुआ है। आग कैसे लगी यह पता नहीं चली।