बांदा। राजनीतिक और स्वयंसेवी संगठनों द्वारा लॉकडाउन में अन्ना पशुओं और बेरोजगार हो गए निर्धनों को चारा-भूसा और लंच पैकेट व राशन किट बांटने का मिशन जारी है। लॉकडाउन के 10वें दिन शुक्रवार को भी बड़ी संख्या में यह कार्य हुआ। विश्व हिंदू परिषद की युवा शाखा और बजरंग दल ने संयुक्त रूप से मुख्यालय बांदा शहर में घूम रहे अन्ना गायों के चारा और भूसा डाला। परिषद जिलाध्यक्ष चंद्रमोहन बेदी सहित दोनों दलों के कार्यकर्ता शामिल रहे।
राज्यसभा सांसद विशंभर प्रसाद निषाद ने भूरागढ़, खैराडा रेलवे स्टेशन, मटौंध, जखौरा आदि में जरूरतमंदों को उनके घरों पर जाकर लंच पैकेट और पानी इत्यादि दिया। उनसे कहा कि घरों पर ही रहे और सफाई तथा एक-दूसरे से दूरी बनाए रखें। पूर्व महासचिव राजेंद्र यादव सहित पतिराखन निषाद, लल्लू साहू, पुष्पेंद्र सिंह, अनुपम लौहवंशी, छेदीलाल रैकवार, रामशरण शर्मा, जगदेव कुशवाहा, लल्लू रैकवार इत्यादि कार्यकर्ता शामिल रहे। उधर, विधायक प्रकाश द्विवेदी के नेतृत्व में विधायक प्रतिनिधि रजत सेठ, पुष्कर द्विवेदी, अनिरुद्ध त्रिपाठी, कमल सिंह, स्वदेश शिवहरे ने कनवारा, परशुराम तालाब, गंछा, कहला आदि गांवों में मोदी लंच पैकेट बांटे।
बबेरू में नगर पंचायत अध्यक्ष विजय पाल सिंह सहित रामप्रकाश साहू, सुधीर कुशवाहा, हरिओम गुप्त, वेद मित्र, राजा दीक्षित ने बेरोजगार हो गए निर्धन परिवारों को लंच पैकेट बांटे। रामलखन चौरसिया, संदीप गुप्ता, संजय पांडेय, भोला गुप्ता, हसन अली ने राशन किट वितरित किए। पूर्व डीडीसी गजेंद्र सिंह पटेल ने भी राशन बांटा। उधर, एसडीएम महेंद्र प्रताप ने मरका, इंगुवा, कमासिन, उमरहनी गांवों के स्कूलों में बनाए गए क्वारंटीन सेंटर में रह रहे मजदूरों की व्यवस्थाएं देखीं।
अतर्रा में विधायक राजकरन कबीर ने पुनाहुर, चंद्रायल, सगिकलोढ़ी, पिंडखर आदि गांवों में राशन बांटा। कांग्रेस सेवा दल जिलाध्यक्ष कैलाशनाथ वाजपेयी ने दिव्यांग को भोजन परोसा। पूर्व चेयरमैन लाला घनश्याम सिंह ने दूसरे दिन भी राशन वितरित किया। साकेत बिहारी मिश्र, सदाशिव तिवारी, ओमप्रकाश नामदेव, राजाराम सिंह, नत्थू गुप्ता आदि शामिल रहे।
उधर, मेंहदी बेहना का पुरवा (अतर्रा ग्रामीण) में लगभग आधा दर्जन लोग निजामुद्दीन दिल्ली से आने की खबर से ग्रामीण सशंकित हैं। बाहर से आए मजदूरों का यहां स्कूल में स्थित क्वारंटीन सेंटर में रोजाना डा.देव तिवारी और लैब टेक्नीशियन प्रदीप अग्रवाल द्वारा चेकअप किया जा रहा है। साथ ही चिकित्सक ने अपनी ओर से राशन उपलब्ध कराया है। प्राथमिक विद्यालय, खम्हौरा-एक में प्रधानाध्यापक अंजू गुप्ता ने मुख्यमंत्री राहत कोष में 11 हजार रुपये का चेक एसडीएम सौरभ शुक्ला को सौंपा। समाजसेवी मंजुल मयंक द्विवेदी ने 1100 रुपये पीएम कोष में भेजे हैं।
मटौंध कस्बा निवासी स्वर्ण सिंह उर्फ सोनू ने कोरोना महामारी निवारण के लिए अपने सहयोगियो ं के साथ 51 हजार रुपये जुटाकर मुख्यमंत्री सहायता कोष में भेजे हैं।
तिंदवारी में सिंहवाहिनी सेवा समिति मूंगुस द्वारा रोजाना मॉस्क वितरण जारी है। अब तक लगभग 1500 मॉस्क वितरण बताया गया है। अध्यक्ष सर्वेश सिंह ने बताया कि पांच हजार मॉस्क बांटने का लक्ष्य है। यशवंत, अमरजीत, शिवप्रकाश, आलोक, द्वारिका सिंह आदि शामिल हैं। उधर, अमलीकौर राजकीय हाईस्कूल के स्टाफ ने गांवों में घर-घर जाकर कोरोना वायरस से बचने के उपाय बताए। प्रधानाचार्य नैंशी, अभिभावक संघ अध्यक्ष रामकिशोर व राकेश सिंह आदि शामिल रहे।
बैंक कर्मियों ने एक दिन का वेतन दिया
बांदा। कोआपरेटिव बैंक इंप्लाइज यूनियन ने कोविड-19 महामारी से निपटने के लिए अपना एक दिन का वेतन मुख्यमंत्री राहत कोष में दान किया है। यूनिट अध्यक्ष सौरभ यादव, मंत्री हेमेंद्र नाथ, सहायक मंत्री रवि वर्मा आदि ने बताया कि कुल एक लाख 65 हजार 612 रुपये मुख्यमंत्री राहत कोष में भेजे गए हैं। साथ ही यूनिट के सभी सदस्यों ने लॉकडाउन नियमों के पालन की शपथ ली है। यूनिट के अन्य सदस्यों में अरविंद अवस्थी, मुकेश बाबू, सुरेश अग्निहोत्री, कीर्ति खरे, ममता सिंह, संजय यादव, रामचंद्र कुशवाहा, अतुल शुक्ला, शशि शेखर अवस्थी, हेरेंद्र कुमार, अश्वनी गुप्ता, जयशंकर गौतम, धीरेंद्र सिंह, गजेंद्र कुमार, शिवप्रकाश आदि शामिल हैं।
10 दिन में 1500 राशन किट बांटी
बांदा। लॉकडाउन में रोजमर्रा की मजदूरी और कमाई से वंचित हो गए परिवारों को स्वर्गीय फरजंद अली जनकल्याण समिति, करबई नियमित रूप से राशन किट वितरित कर रही है। किट में रोजमर्रा के भोजन की सामग्री शामिल है। समिति संरक्षक मुमताज अली ने बताया कि 25 मार्च से शुरू हुई यह सेवा लॉकडाउन लागू रहने तक चलेगी। अब तक डेढ़ हजार से ज्यादा किट बांदा शहर सहित करबई, अरबई, हड़हा कबौली आदि गांवों में बांटे जा चुके हैं। वितरण टीम में समिति प्रबंधक सफदर अली सहित अकील अली, कमर सिंह और समिति के स्थानीय कार्यकर्ता शामिल हैं।