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फैजान की तमन्ना आईएएस बनने की

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मोहम्मद फैजान 98 प्रतिशत विद्यावती निगम मेमोरियल पब्लिक स्कूल, बांदा। - फोटो : BANDA
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बांदा। आईएएस का सपना संजोकर पढ़ाई में जुटे कांस्टेबल के बेटे फैजान ने पहले पायदान में शानदार सफलता हासिल की है। सीबीएसई इंटर की परीक्षा में उसने 98 फीसदी अंक हासिल कर जनपद टॉप किया है। यहां पुलिस लाइन में सरकारी आवास में जश्न का माहौल रहा। फैजान की जुड़वां बहन मायशा परवीन ने भी उसके साथ इंटर परीक्षा में 94.2 फीसदी अंक हासिल किए हैं।
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भाई-बहनों को शाबासी देने वालों का तांता लगा रहा। मोहम्मद फैजान खां के पिता मोहम्मद मकसूद कांस्टेबल हैं। वे चित्रकूट जिले में तैनात हैं। फैजान अपनी मां शमा परवीन और बहन मायशा के साथ रहकर विद्यावती निगम मेमोरियल पब्लिक स्कूल में पढ़ाई कर रहा है। बताया कि परीक्षा के दौरान 8 घंटे तक रोजाना पढ़ाई की। कुछ विषयों में कोचिंग भी की।
फैजान रोजा-नमाज का भी पाबंद है। फैजान के पिता मूलरूप से मौदहा (हमीरपुर) के रहने वाले हैं। फैजान का पसंदीदा अखबार अमर उजाला है। उसने बताया कि कोर्स की पढ़ाई के साथ ही वह इस अखबार को पढना नहीं भूलता। पसंदीदा खेल क्रिकेट है। राजनेताओं में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पसंदीदा बताया। अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और स्कूल के टीचर्स को दिया। फैजान ने विद्यार्थियों को सलाह दी है कि सेल्फ स्टडी (स्व अध्ययन) पर जोर दें। यही कामयाबी का मूलमंत्र है।
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गति ने रोशन किया छात्राओं का नाम
बांदा। मंडल मुख्यालय में खास पहचान रखने वाले सेंट मेरीज सीनियर सेकेंडरी स्कूल की छात्रा गति प्रकाश ने सीबीएसई इंटर परीक्षा में 96.6 फीसदी अंक हासिल कर कालेज टॉपर बनने के साथ ही छात्राओं का नाम भी रोशन किया। पिता तेज प्रकाश दवा कंपनी में एमआर हैं। मां श्रवण निगम गृहिणी हैं। गति प्रकाश की तमन्ना है कि चार्टर्ड अकाउंटेंट बनें। अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और अध्यापकों को दिया। बताया कि रोजाना घर में 5-6 घंटा पढ़कर यह सफलता हासिल की है।
एनडीए परीक्षा के बाद अब इंटर में दिखाई मेधा
बांदा। 96 फीसदी अंकों के साथ सेंट मेरीज में दूसरी रैंक हासिल करने वाले मेधावी उत्कर्ष अवस्थी साधारण परिवार का है। पिता कृष्ण कुमार अवस्थी प्राइवेट नौकरी करते हैं। मां कीर्ति अवस्थी गृहिणी हैं। उत्कर्ष ने इसके पूर्व भारतीय जल सेना की नेशनल डिफेंस एकेडमी (एनडीए) की परीक्षा पास कर चुका है। लेकिन उसकी इच्छा प्राइवेट कंपनी में जॉब करना चाहता है। सफलता का श्रेय माता-पिता और स्कूल टीचर्स को दिया है।
बढ़ई का बेटा बना उदाहरण
बांदा। सेंट मेरीज सीनियर सेकेंडरी स्कूल में दूसरी रैंक पाने वाले छात्र प्रवीण कुमार निर्धन और मेहनतकश परिवारों के छात्रों के लिए उदाहरण और प्रेरणा दायक हैं। प्रवीण के पिता कमलेश कुमार बढ़ई (कारपेंटर) हैं। मां उमा शर्मा गृहिणी हैं। छोटी सी बढ़ई की दुकान किए पिता ने प्रवीण की पढ़ाई के लिए कर्ज लेने से भी परहेज नहीं किया। प्रवीण भी पिता की उम्मीदों पर खरा उतर रहा है। रोजाना 4 से 5 घंटे की पढ़ाई कर रहा है। उसकी तमन्ना सॉफ्टवेयर इंजीनियर बनने की है। शहर के लोहिया पुल के पास रहता है।
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