बांदा। सड़क हादसों का ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है। आंकड़ों पर नजर डालें तो बीते तीन साल में हुए 1,585 मार्ग दुर्घटनाओं में 811 लोगों ने जान गंवाई है। वहीं 1257 लोग घायल हुए हैं। हर साल 50 से अधिक मौत सिर्फ उन 35 ब्लैक स्पॉट पर हो रही हैं, जिन्हें प्रशासन ने वर्षों पहले चिह्नित तो कर दिया था, लेकिन इनके सुधार की दिशा में आज तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया। हालात यह हैं कि इन खतरनाक स्थानों पर न तो चेतावनी बोर्ड लगाए गए और न ही मार्ग सुरक्षा से जुड़े जरूरी इंतजाम किए गए हैं।
लोगों का कहना है कि प्रशासन की उदासीनता के कारण आए दिन हादसे होते हैं, लेकिन फिर भी जिम्मेदार विभागों की नींद नहीं टूट रही। कई बार शिकायतें दर्ज कराने और ज्ञापन देने के बावजूद सुधार कार्य सिर्फ फाइलों में ही सीमित रह जाता है। सबसे बड़ी विडंबना यह है कि इन ब्लैक स्पॉट का रिकॉर्ड प्रशासन के पास मौजूद है, फिर भी कार्रवाई की गति शून्य है।
यातायात विशेषज्ञों का मानना है कि इन ब्लैक स्पॉट पर सड़क का डिजाइन, तेज मोड़, सड़कों के गड्ढे और रात में पर्याप्त रोशनी की कमी मुख्य कारण हैं। प्रशासन उचित संकेतक, रंबल स्ट्रिप, रिफ्लेक्टर और स्पीड लिमिट मार्किंग जैसे उपाय लागू कर दे, तो हादसों में काफी कमी आ सकती है। वर्षों से जारी लापरवाही ने इन स्थानों पर मौत पंजा फैलाए बैठी रहती है।
जब भी कोई बड़ा हादसा होता है, अधिकारी मौके पर पहुंचकर कार्रवाई और सुधार का आश्वासन देकर लौट जाते हैं लेकिन कुछ दिन बाद हालात फिर पहले जैसे हो जाते हैं। सड़क सुरक्षा को लेकर योजनाएं तो बनाई जाती हैं, लेकिन धरातल पर दिखाई नहीं देतीं।
ब्लैक स्पॉट की सूची -
1- नया ओवरब्रिज (कचहरी)
2- जेल तिराहा
3- जरैली कोठी तिराहा
4- मवई सर्किट हाउस चौराहा
5- तिंदवारा (गांव के पास)
6- मवई पेट्रोल पंप के पास
7- तिंदवारी बाईपास
8- गुरेह बाईपास
9- डिंगवाही
10 - पचनेही मोड़
11- लामा मोड़
12- गुरेह गांव के पास (बिसंडा रोड)
13- गंवाइन नाला
14- भूरागढ़
15- सैमरी नाला
16- बाबा मोड़ (पपरेंदा की ओर)
17- बगिया चौराहा
18- पपरेंदा तिराहा
19- पलरा
20- भाथा
21- कुम्हरिया डेरा
22- कलश माइनर रोड़
23- पनगरा-रिसौरा के बीच का रास्ता
24- नहरी
25- जमवारा
26- बड़ोखर बुजुर्ग
27- बांसी-देवरार के बीच का रास्ता
28- महुआ
29- गड़रा नाला
30- नगनेधी पुलिया
31- तुर्रा पुल
32- बदौसा बॉर्डर पर संकरी पुलिया
33- शांतिधाम स्कूल के पास बदौसा मोड़
34- मुरवल नदी के पास मोड़ पर
35- अतर्रा रोड-कोर्रम गांव नगर के पास
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ब्लैक स्पॉट पर तेजी से सुधार कार्य है जारी
चिह्नित ब्लैक स्पॉट पर चरणबद्ध तरीके से सुधार कार्य कराया जा रहा है। जिन स्थानों पर सड़क चौड़ीकरण, साइन बोर्ड, स्पीड ब्रेकर, रिफ्लेक्टर और चेतावनी संकेत लगाने की आवश्यकता थी, वहां कार्य शुरू कर दिया गया है। कुछ स्थानों पर सुरक्षा बैरियर और मार्ग प्रकाश की व्यवस्था भी की जा रही है। हमारा लक्ष्य है कि आगामी कुछ महीनों में सभी ब्लैक स्पॉट्स को पूरी तरह सुरक्षित बनाया जाए, ताकि सड़क हादसों में कमी लाई जा सके।
- महेंद्र प्रताप, चीफ इंजीनियर लोक निर्माण विभाग, चित्रकूटधाम मंडल