बांदा। जिंदा महिला को मृत घोषित करने सहित अन्य समस्याओं का निस्तारण न होने पर जिला पंचायत अध्यक्ष ने जिला विकास अधिकारी को फटकार लगाई। आरोप है कि अध्यक्ष के साथ मौजूद महिला डीडीसी ने डीडीओ से अभद्रता की।
गुरुवार को जिला पंचायत अध्यक्ष सुनील पटेल अपने कुछ साथियों के साथ विकास भवन पहुंचे। सीडीओ के नहीं मिलने पर वह डीडीओ कार्यालय में पहुंच गए। करीब एक घंटे तक डीडीओ रमाशंकर सिंह से विभिन्न समस्याओं का निस्तारण न होने पर क्लास ली। पछुआ गांव की जिंदा महिला को मृत दिखाए जाने के सवाल पर संतोषजनक जवाब न देने पर अध्यक्ष के साथ मौजूद डीडीसी महिला नेत्री मीराबाई उखड़ पड़ीं। आरोप है कि डीडीसी ने डीडीओ से अभद्रता की। कालर पकड़कर घसीटते हुए मारने की बात कही। इससे विकास भवन में अफरा तफरी मच गई। शुक्रवार को घटना को लेकर अधिकारियों व कर्मचारियों में खासा आक्रोश रहा। विकास भवन कर्मचारी संघ ने सीडीओ से अभद्रता करने वालों पर कार्रवाई की मांग की।
उधर, जिला पंचायत अध्यक्ष सुनील पटेल का कहना है कि वह विकास भवन निरीक्षण पर गए थे। सीडीओ मिले नहीं। डीडीओ से विभिन्न समस्याओं पर बात की गई, लेकिन वह सही जवाब नहीं दे पाए। मनमर्जी से काम किया जा रहा है। पछौहा की बुधिया पत्नी प्रेम को जिंदा होते हुए पीएम आवास की पात्रता सूची में मृत दिखा दिया। इस बारे में दो बार दिशा की बैठक में व 24 बार मौखिक रूप में सीडीओ व डीडीओ से कहा गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। फाइल को ठंडे बस्ते में डाल दिया। कहा कि जिला पंचायत सदस्य ने कोई अभद्रता नहीं की। डीडीओ ने कहा कि उनके साथ अभद्रता की गई। वह चुप रहे। सीडीओ साहब कहीं गए हैं उनके आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उधर, सीडीओ वेद प्रकाश मौर्य का कहना है कि डीडीओ के साथ अभद्रता की कोई बात सामने नहीं आई। कोई वीडियो जारी हुआ है तो उन्हीं से पूछिए।