बांदा/अतर्रा। फर्नीचर मिस्त्री ने संदिग्ध
परिस्थितियों में फांसी लगाकर जान दे दी। उधर, अलग-अलग घटनाओं में युवक और
युवती ने जहर खाकर आत्महत्या की कोशिश की। दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती
कराया गया है।
बिसंडा निवासी रामलखन विश्वकर्मा (45) ने बुधवार को
दोपहर अतर्रा-बदौसा मार्ग स्थित शांति धाम स्कूल के सामने पेड़ से रस्सी से
फंदा लगाकर जान दे दी।
पुलिस ने शव फंदे से उतार कर उसकी जेब से
डायरी में लिखे पते के आधार पर परिजनों को सूचना दी। वह मूल रूप से चिल्ला
कस्बे का रहने वाला था।
वह बिसंडा में किराए के मकान में रहकर एक
फर्नीचर की दुकान में काम करता था। गांव मिलाथू में उसकी ससुराल है। पुलिस
के मुताबिक उसकी जेब से चार लाइन में लिखा सुसाइड नोट बरामद हुआ है।
इसमें
उसने काम का अधिक दबाव पड़ने से जान देने की बात लिखी है। उसके चार
पुत्रियां हैं। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम को भेज दिया।
उधर,
शहर के क्योटरा मोहल्ला निवासी भीम सिंह (18) पुत्र उत्तम सिंह ने बुधवार
को दोपहर घर में जहर खा लिया। वह कानपुर के एक कालेज में बीकाम का छात्र
है।
परिजन घटना की वजह नहीं बता पाए। एक अन्य घटना में बिसंडा थाना
क्षेत्र के अलिहा गांव की संतोषिया (26) पत्नी बल्देव ने बुधवार को सुबह
ससुराल में जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया
गया।