बालिका को कुएं से बाहर निकालते युवक।
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ननिहाल आई पांच वर्षीय बालिका को उसी की मामी ने गांव के गहरे कुएं में फेंक दिया। करीब सात घंटे तक कुएं में पड़ी रही बालिका को जीवित अवस्था में निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया। बालिका के परिजनों ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
बिसंडा थाना क्षेत्र के कोर्रही गांव में शुक्रवार को गांव के युवक बिलाल, नजीब और सरदार होला खाकर पानी पीने कुएं की ओर गए थे। कुएं में उन्हें नीचे एक बालिका रोती नजर आई। बालिका कुएं में लगी बोरिंग के पाइप के सहारे टंगी हुई थी। तीनों युवकों ने तत्काल गांव वालों को खबर दी। परिजनों की मदद से इन युवकों ने बालिका को कुएं से बाहर निकाला। उसकी हालत काफी बिगड़ी हुई थी। उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया।
घटना के मुताबिक नरैनी क्षेत्र के नीबी गांव से उर्मिला पांच दिन पहले अपने मायके कोर्रही गांव आई थी। साथ में उसकी पांच वर्षीय पुत्री पूनम भी थी। शुक्रवार को सुबह करीब आठ बजे पूनम को शौच के बहाने उसकी सगी मामी गुड़िया बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गई और गांव के बाहर रज्जू मास्टर के खेत में बने कुएं में धकेल दिया और खुद चुपचाप वापस आ गई। कुछ देर बाद घर वालों ने उसकी तलाश शुरू की। लेकिन कुछ पता नहीं चला।
शाम करीब चार बजे कुएं में पानी पीने आए युवकों ने पूनम को देखा तो परिजनों की मदद से बाहर निकाला। परिजनों की सूचना पर डायल-100 पुलिस आ गई और बालिका को थाने पहुंचाया। बालिका ने पुलिस को मामी द्वारा कुएं में फेंके जाने की बात बताई। बालिका को बिसंडा स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। परिजनों के मुताबिक मामी गुड़िया की परिवार से नहीं पटती। शुक्रवार को उसकी नोंकझोंक अपनी ननद उर्मिला से हो गई थी। उसी के बाद गुड़िया ने उर्मिला की पुत्री को ले जाकर कुएं में फेंक दिया। पुलिस जांच कर रही है।