अमर उजाला ब्यूरो
बांदा। स्वच्छ भारत मिशन के तहत ग्रामीणों ने दुकानों से उधार सामग्री लेकर शौचालय बनवाना महंगा पड़ गया। प्रधान व सचिव ने शौचालय के रुपये नहीं दिए। उधार न चुकता होने पर सप्लायर ने 10 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी।
बबेरू विकास खंड के अनौसा गांव के शौचालय के लिए चयनित दर्जन भर ग्रामीणों ने उधार सीमेंट व ईंट लेकर शौचालय बनवा लिया। डीपीआरओ के आदेश के बावजूद प्रधान व सचिव भुगतान नहीं कर रहे हैं। शिकायत की तो खुन्नस में प्रधान व सचिव ने उकसाकर सप्लायर के द्वारा उनके खिलाफ रिपोर्ट लिखा दी। पुलिस घरों में दबिश दे रही है।
लाभार्थियों ने डीएम को अर्जी देकर एफआईआर वापस कराने और शौचालय की प्रोत्साहन राशि दिलाने की मांग की। इफ्तिखार खां, चंद्रपाल, इदरीस खां, कामता प्रसाद, रामप्रताप, केशव, तबारक खां, रमजानी खां, शमीम खां व अंसार खां आदि शामिल रहे।
-उधार सामग्री से शौचालय बनवाना पड़ा महंगा
-प्रधान व सचिव ने शौचालय के रुपये नहीं दिए।