नरैनी। अवैध खनन और ओवरलोडिंग के विरोध में विधायक के धरना देने के बाद हरकत में आए अधिकारी रातभर धरपकड़ अभियान में जुटे रहे। खनिज अधिकारी ने ठेकेदार के विरुद्ध पर्यावरण संरक्षण अधिनियम सहित कई गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई। परिवहन अधिकारी ने सैकड़ों ओवरलोड ट्रकों का चालान कर समन शुल्क वसूला।
मध्य प्रदेश खदानों से बालू ढोने वाले ओवरलोड ट्रकों की धमाचौकड़ी से यूपी की सड़कें गड्ढामुक्त होने की बजाए ‘गड्ढायुक्त’ हो रही हैं। एमपी के बारबंद घाट के बालू माफिया द्वारा नसेनी घाट में केन नदी पर अवैध पुल बनाकर बालू भरे ट्रक निकालने से अवैध खनन और ओवरलोडिंग बढ़ गई।
क्षेत्रवासियों की शिकायत पर विधायक राजकरन कबीर ने बालू माफियाओं के खिलाफ समर्थकों के साथ प्रमुख चौराहे पर धरना दिया तो अधिकारी हरकत में आए। अपर पुलिस अधीक्षक, परिवहन अधिकारी और खनिज अधिकारी ने मान-मनौव्वल कर धरना खत्म कराने के बाद ताबड़तोड़ कार्रवाई की।
आधी रात से गुरुवार तड़के तक करतल रोड पर खड़े करीब सैकड़ा भर बालूभरे ओवरलोड ट्रकों का चालान कर समन शुल्क वसूला। खनिज अधिकारी आरपी सिंह ने गुरुवार को कोतवाली में नसेनी घाट केन नदी में अवैध पुल बनाने वाले ठेकेदार के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराने को तहरीर दी।
इसमें कहा गया है कि एक दिन पहले अवैध पुल को ढहा देने के बाद ठेकेदार ने दोबारा पुल बांध लिया। इससे राष्ट्रीय प्राधिकरण नियमों का उल्लंघन हुआ। पुलिस ने अज्ञात पट्टेदार के विरुद्ध धारा 430, 431, 432, 434 आईपीसी और 15 पर्यावरण संरक्षण अधिनियम-1986 व तीन लोक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली। विवेचना करतल चौकी प्रभारी सभाजीत मिश्रा करेंगे।
-विधायक के धरने के बाद हरकत में आए अधिकारी
-परिवहन अधिकारी ने सैकड़ा भर ट्रकों का चालान किया
-पर्यावरण अधिनियम समेत कई गंभीर धाराएं लगीं
अमर उजाला ब्यूरो