अतर्रा। बिसंडा कस्बे में एक पल्लेदार का शव कमरे में फंदा से लटकता मिला। सुबह मुनीम ने शव लटका देख फड़ मालिक और पुलिस को सूचना दी।
पुनाहुर गांव निवासी राम कृपाल रैकवार (40) बिसंडा कस्बे में गल्ला व्यापारी रामजी ताम्रकार के यहां पांच साल से पल्लेदारी कर रहा था। वह बिसंडा रामलीला मैदान के पास किराये के कमरे में रहता था। रविवार रात करीब 11 बजे बोरों को ट्रक में लोड कराकर वह फड़ में ही सो गया था।
देर रात उसने वहीं पर बने कमरे में अंगोछे (साफी) का फंदा बनाकर जान दे दी। सोमवार सुबह जागने पर मुनीम कमरे में पहुंचा, तो उसने राम कृपाल का शव फंदे से लटका देख दुकान मालिक रामजी और पुलिस को सूचना दी। थानाध्यक्ष आनंद कुमार ने शव फंदे से उतरवाकर पोस्टमार्टम को भेजा।
उन्होंने बताया कि मृतक छह भाइयों में तीसरे नंबर का था। परिवार में पत्नी गायत्री के अलावा तीन बेटे हैं, जो दिल्ली में रहकर मजदूरी करते हैं। फड़ के पास लगे सीसीटीवी फुटेज में राम कृपाल देर रात बाहर जाने के बाद लौटने के बाद शराब पीता दिख रहा है। परिजनों ने उसके आत्महत्या करने का कारण नहीं पता होने की बात कही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।