- पूर्व एसओ देवेंद्र शुक्ला, पूर्व सिपाही अरुण, ब्रह्मदत्त व सुरेश सैनी न्यायालय में हुए पेश
-न्यायालय ने अगली तारीख 14 सितंबर निर्धारित की
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। बर्खास्त आईपीएस मणिलाल पाटीदार मामले में विशेष अदालत (भ्रष्टाचार निवारण) में शनिवार को सुनवाई हुई। वादी मुकदमा रविकांत त्रिपाठी के बयान साढ़े चार घंटे तक दर्ज किए गए। विपक्ष के अधिवक्ता ने बयान के आधार पर कुछ बिंदुओं पर जिरह भी की।
न्यायालय में पूर्व एसओ देवेंद्र शुक्ला, पूर्व सिपाही अरुण, अजय इंटरप्राइजेज के प्रोपराइटर ब्रह्मदत्त और सूर्या केमिकल के डीलर सुरेश सोनी ने अपनी हाजिरी लगाई। आईपीएस मणिलाल पाटीदार की ओर से उनके अधिवक्ता ने हाजिरी माफी की अर्जी दाखिल की। न्यायालय ने अब इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 14 सितंबर की तारीख निर्धारित की है।
पाटीदार पर क्रशर कारोबारी इंद्रकांत त्रिपाठी से प्रतिमाह छह लाख रुपये रिश्वत मांगने का आरोप है। उन पर इंद्रकांत त्रिपाठी को जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है। इंद्रकांत त्रिपाठी ने 7 सितंबर 2020 को रिश्वत मांगने का एक वीडियो वायरल किया था। इसके बाद आठ सितंबर 2020 को उन्हें गोली लगी और 13 सितंबर 2020 को उनकी मौत हो गई थी।
इंद्रकांत त्रिपाठी के भाई रविकांत त्रिपाठी की शिकायत पर पाटीदार व अन्य पुलिस कर्मियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इसके बाद 22 जुलाई 2021 को भ्रष्टाचार का एक मामला दर्ज किया गया। मामले की सुनवाई पहले लखनऊ की भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट में चल रही थी। अब इसकी सुनवाई मंडल मुख्यालय बांदा के भ्रष्टाचार निवारण न्यायालय में हो रही है।
विशेष लोक अभियोजक ने बताया कि पूर्व एसओ देवेंद्र शुक्ला, सिपाही अरुण, सुरेश सोनी और ब्रह्मदत्त न्यायालय में उपस्थित हुए थे। आईपीएस पाटीदार की हाजिरी माफी स्वीकार की गई। मामले की अगली सुनवाई 14 सितंबर को होगी। मामले में कुल 53 गवाह हैं जिनके बयान दर्ज किए जाने हैं।