जल संरक्षण की शपथ ग्रहण कराते प्रमुख सचिव व जिले के नामित नोडल अधिकारी संजय आर भुसरेड्डी। साथ में
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बांदा। कुआं-तालाब जियाओ अभियान के तहत शनिवार को छाबी तालाब से निकाले गए जल मार्च को प्रदेश के प्रमुख सचिव चीनी उद्योग एवं गन्ना विकास संजय आर भूसरेड्डी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कहा कि सबके सहयोग से जल संकट से निपटने को चलाई गई मुहिम बुंदेलखंड के लिए वरदान साबित होगी।
प्रमुख सचिव ने कहा कि सुंदर जलाशय व झरनों को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाए। पेयजल आधारभूत सुविधाओं में एक है। बिना जल के जीवन जीने की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। पानी के महत्व को समझना होगा। संसाधनों का गलत प्रयोग नहीं करना चाहिए। आने वाले समय में जल संकट विकराल रूप ले सकता है।
अभियान में बच्चों को ज्यादा शामिल किया जाए। पानी के महत्व को समझे और माता पिता को पानी के प्रति जागरूक करें। बच्चें प्रेरक बने वह हमारे राष्ट्र के भविष्य है। अंत में उन्होंने जल संरक्षण की शपथ दिलाई। डीएम हीरालाल ने जल संकट गंभीर विषय है। पीने योग्य पानी का स्तर दिनोदिन गिरता जा रहा है। व्यक्ति के शरीर में 75 फीसदी पानी होता है। यह स्पष्ट करता है कि जीवन में पानी कितना उपयोगी है। पानी को संरक्षित नहीं किया तो जीवन जीने की कल्पना छोड़ दें। किसानों को खेतों की सिंचाई माइक्रो और ड्रिप पद्धति से करने की सलाह दी।
डीएम ने कहा कि अगले 20 दिन में छाबी तालाब को मॉडल तालाब बनाया जाएगा। इससे सफाई, स्वच्छ वातावरण का माहौल बनाने का प्रयास होगा। अभियान के माध्यम से लोगों में कुआं-तालाब खुदाई की सोच पैदा करना है। बच्चों की तरह इनसे भी प्रेम करें। सामूहिक श्रमदान से कुआं-तालाब खुदवाकर वर्षा जल को एकत्र कर जल संकट से उबरने का प्रयास किया जाए। रैली में छात्र, एनसीसी कैडेट, आजाद हिंद फौज, व्यापारी, अधिकारी व कमचारी आदि मौजूद रहे।