अधिशासी अभियंता से बात करते एमएलसी डॉ. बाबूलाल तिवारी।
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बांदा। अपने पैतृक गांव में तालाब और सड़क निर्माण स्वीकृत कराकर लाए भाजपा के शिक्षक विधायक को दोनों विभागों के अफसरों ने भनक भी नहीं दी और दोनों निर्माण करा डाले। शनिवार को यहां पहुंचे विधायक ने दोनों अधिशासी अभियंताओं की जमकर खबर ली। कहा कि यह ब्यूरोक्रेसी की दादागीरी और मुख्यमंत्री के निर्देशों की खुली अवहेलना है।
झांसी-इलाहाबाद शिक्षक खंड से भाजपा के एमएलसी डॉ. बाबूलाल तिवारी नरैनी क्षेत्र के जरर गांव के रहने वाले हैं। अपने पैतृक गांव में तालाब और संपर्क सड़क बनवाने के के लिए मुख्यमंत्री से मिलकर अनुरोध किया था। नतीजे में दोनों कार्य स्वीकृत हो गए। तालाब खुदाई का काम लघु सिंचाई विभाग और सड़क निर्माण का जिम्मा पीडब्लूडी (सीडी) को दिया गया। सड़क बनकर तैयार हो गई और तालाब की खुदाई का काम भी काफी हो गया। दोनों विभागों ने एमएलसी को कोई सूचना नहीं दी। विधायक ज्यादातर झांसी में रहते हैं।
शनिवार को वह बांदा आए। विधायक ने दोनों विभागों के अधिशासी अभियंताओं को तलब कर फटकार लगाई। कहा कि मुख्यमंत्री के आदेश हैं कि शिलान्यास या उद्घाटन आदि जनप्रतिनिधियों से कराया जाए। पर अफसरों ने मेरे पैतृक गांव में ही मनमानी की। शिलान्यास में नारियल तक नहीं फोड़वाया। इसमें ठेकेदार की भी मिलीभगत रही। अधिशासी अभियंता प्रेमनारायण ने विधायक से खेद जताते हुए कहा कि भविष्य में ऐसा नहीं होगा। सुधार करेंगे।