बांदा। जिला प्रशिक्षण केंद्र पुलिस लाइन में साइबर अपराधों की रोकथाम, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और बेसिक नेटवर्किंग पर आधारित पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन रविवार को हो गया। इसका मुख्य उद्देश्य पुलिसकर्मियों को आधुनिक तकनीकी ज्ञान से सुसज्जित कर साइबर अपराधों से प्रभावी ढंग से निपटने में सक्षम बनाना है।
सहायक पुलिस अधीक्षक मेविस टॉक ने प्रशिक्षण में भाग लेने वाले कंप्यूटर ऑपरेटर्स को प्रमाण पत्र वितरित किए। उन्होंने इस अवसर पर उपस्थित प्रशिक्षणार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान समय में साइबर अपराधों की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए पुलिस कर्मियों का तकनीकी रूप से दक्ष होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने प्राप्त ज्ञान का व्यावहारिक उपयोग करते हुए साइबर अपराधों की पहचान, रोकथाम और डिजिटल साक्ष्यों के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
मेविस टॉक ने इस बात पर जोर दिया कि साइबर सिक्योरिटी, नेटवर्किंग और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) जैसी आधुनिक तकनीकों का सही उपयोग करके पुलिस साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित कर सकती है। उन्होंने कहा कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम पुलिस की कार्यक्षमता को और अधिक सुदृढ़ करने में सहायक सिद्ध होगा, जिससे वे आम जनता को सुरक्षित रखने में और भी अधिक सक्षम बनेंगे।