बांदा। डिप्थीरिया गांवों में तेजी से पांव पसार रहा है। त्रिवेणी गांव के बाद अब बबेरू सीएचसी क्षेत्र के पून गांव में भी इसका प्रकोप है। बिसंडा और बक्छा गांव में भी डिप्थीरिया के एक-एक मरीज मिले हैं। जिला अस्पताल में एक किशोर समेत छह भर्ती हैं। किशोर की हालत गंभीर है। उसे सांस लेने में दिक्कत के साथ खून की उल्टियां हो रही हैं। उधर, मेडिकल कॉलेज के पीडियाट्रिक वार्ड में भर्ती तीन वर्षीय बच्चे को रेफर कर दिया गया है।
डिप्थीरिया मरीजों के लिए जिला अस्पताल में बनाए गए वार्ड में छह बच्चे भर्ती हैं। जीशान (10) पुत्र हैदर अली, विंध्यवती (14) पुत्री राजवंत, आशीष (13) पुत्र जयप्रकाश और दीपांशी (3) पुत्री सुनील शामिल हैं। सभी बबेरू सीएचसी क्षेत्र के पून गांव के हैं। वहीं, बिसंडा कस्बा निवासी देव कुमार के पुत्र गौरव (16) और शहर से सटे बक्छा गांव के सतगुरुशरन के पुत्र रोहित (6) में भी डिप्थीरिया के लक्षण दिखने पर अलग वार्ड में भर्ती कराया गया है।
गौरव की हालत गंभीर है। उसे रेफर करने की तैयारी है। इनका इलाज नाक, कान, गला विशेषज्ञ डॉ. मुकेश और वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. आरके गुप्ता रहे हैं। सीएमएस डॉ. एसएन मिश्र ने बताया कि वार्ड में भर्ती पांच बच्चों का स्वाब नमूना जांच के लिए लखनऊ भेजा गया है।
रिपोर्ट आने पर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। उधर, मेडिकल कॉलेज पीडियाट्रिक विभाग की डॉ. अनीता ने बताया कि लामा गांव के तीन वर्षीय युवराज को भर्ती किया गया था। शनिवार को तड़के उसे रेफर कर दिया गया। उसके गले में सूजन और सांस लेने में दिक्कत थी।
इनकी हो चुकी मौत
1. अंशुल (4) पुत्र दिलीप यादव (त्रिवेणी, मटौंध)
2. अंश (10) पुत्र अनिल विश्वकर्मा (त्रिवेणी, मटौंध)
3. उमंग (10) पुत्र बच्चा वर्मा (त्रिवेणी, मटौंध)
4. मुस्तफा (10) पुत्र करीम (त्रिवेणी, मटौंध)
5. शालिनी (3) पुत्री विजयपाल (पून, बबेरू)
रोहित।- फोटो : BANDA