फोटो-17- सीएचसी नरैनी में नारेबाजी करती आशा कार्यकर्ता। संवाद
बांदा/नरैनी। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, टीकाकरण, संस्थागत प्रसव और पोषण सुरक्षा जैसी सेवाओं की जिम्मेदारी संभाल रहीं आशा कार्यकर्ताओं ने मानदेय बढ़ाने की मांग तेज कर दी है। बांदा और नरैनी में ज्ञापन सौंपकर उन्होंने 20 हजार रुपये मासिक मानदेय की मांग की है। इसके अलावा राज्य कर्मचारी का दर्जा, बीमा, सामाजिक सुरक्षा और सरकारी योजनाओं का लाभ देने की मांग भी की।
बांदा में आशा कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि गांव-गांव तक स्वास्थ्य योजनाएं पहुंचाने और विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की जिम्मेदारी निभाने के बावजूद उन्हें मात्र दो हजार रुपये मानदेय मिल रहा है। बढ़ती महंगाई में परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो रहा है।
वहीं, नरैनी में कार्यकर्ताओं ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में प्रदर्शन और नारेबाजी की। उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को संबोधित ज्ञापन सीएचसी अधीक्षक को सौंपा। उन्होंने चेतावनी दी कि मांगों पर जल्द निर्णय नहीं हुआ तो वे काम बंद रखेंगी।