बबेरू (बांदा)। हाईस्कूल में दूसरी बार फेल होने पर सातर गांव निवासी सोनू वर्मा (16) ने दूसरे मकान में सोमवार को दोपहर फंदा लगाकर जान दे दी। छोटी बहन ने जाकर देखा तो परिजनों को जानकारी हो सकी। परिजनों ने बताया कि वह फेल होने से परेशान रहता था।
भाई मनीष कुमार ने बताया कि सोमवार को दोपहर वह खाना खाने के बाद 100 मीटर की दूरी पर दूसरे मकान में चला गया। शाम चार बजे करीब जब पिता छत्रपाल ने बेटी मधु को दूसरे मकान में भेजा कि जाकर देखो कि सोनू ने भैंसों को पानी पिलाया है कि नहीं तब वह गई। मकान का दरवाजा खुला मिला और अंदर लगे जाल से रस्सी से फंदा लगाए लटका मिला। भाई का कहना है कि सोनू बबेरू के जेपी शर्मा इंटर कॉलेज में हाईस्कूल का छात्र था। वह दो बार 10वीं में फेल हुआ था। इस पर उसने मां पुष्पा देवी और बहन से कहा था कि अब उसका एडमिशन भी नहीं होगा। गांव के दोस्त भी उसे फेल होने पर चिढ़ाते थे। वह तीन भाई दो बहनों में चौथे नंबर का था। मरने से पहले उसने अपने माता-पिता को घर के बक्से और कीमती सामान की चाबी भी सौंप दी थी। दोस्तों के साथ खेलने के दौरान मोबाइल न देने पर चेहरा न देख पाने की बात भी कही थी। पिता दो बीघा जमीन के किसान हैं।
कोतवाली प्रभारी राजेंद्र कुमार राजावत ने बताया कि प्रथम दृष्टया फंदा लगाकर खुदकुशी की है। परिजन हाईस्कूल में दो बार फेल होने की बात कह रहे हैं।