बांदा। रिटायर्ड कर्मचारी से 10 लाख रुपये की लूट के मामले में चौथे दिन भी पुलिस के हाथ खाली रहे। अलबत्ता पुलिस कुछ सुराग लगने का दावा कर रही है। उधर, धीरज नगर में स्कूटी सवार युवती पर चाकू से हमला करने व तमंचे से फायर करने के एक आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। दो अन्य नामजद अभी फरार हैं।
सोमवार को इलाहाबाद बैंक के पास दिनदहाड़े हुुई 10 लाख लूट के मामले में पुलिस के हाथ अभी भी खाली हैं। चार दिनों में पुलिस कोई खुलासा नहीं कर पाई। हालांकि पता चला है कि पुलिस ने दो संदिग्ध लोगों को उठाया है। इनमें एक मर्दन नाका और दूसरी कांशीराम कालोनी (हरदौली) का निवासी है। दोनों अपराधी प्रवृत्ति के हैं। यह भी बताया जा रहा है कि लूट में शामिल दो आरोपी मध्य प्रदेश भाग गए हैं। पुलिस अधिकारी भी इस बात से इनकार नहीं कर रहे।
उधर, बुधवार को शाम कालूकुआं पुलिस चौकी के नाक तले धीरज नगर मोहल्ले में बाइक सवार तीन युवकों ने स्कूटी से घर लौट रही दो मौसेरी बहनों पिंकी व पुष्पा पर चाकुओं से हमला कर दिया था। घायल युवती को यहां से नाजुक हालत में कानपुर रिफर किया गया है। भाई की तहरीर पर नामजद मुकदमा दर्ज होने के बाद बुधवार की रात कोतवाली पुलिस ने दबिश देकर एक आरोपी संजीव तिवारी पुत्र मोहनलाल तिवारी (छावनी) को गिरफ्तार कर लिया।