स्कूली वाहनों की चेकिंग व चालान करते एआरटीओ वीरेंद्र कुमार।
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बांदा। चित्रकूटधाम मंडल के परिवहन विभाग ने स्कूली वाहनों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। तीन दिन में मंडल के चारों जिलों में 73 स्कूल वाहनों का चालान किया गया है। सबसे ज्यादा वाहनों पर कार्रवाई बांदा में हुई है।
परिवहन आयुक्त ने इसी माह आदेश जारी कर स्कूलों में चल रही बसों आदि के फिटनेस, ड्राइवर, लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन आदि की चेकिंग के निर्देश दिए थे। इस पर चित्रकूटधाम मंडल परिवहन विभाग ने चेकिंग शुरू कर दी है। तीन दिन में 73 वाहनों का चालान किया गया है। इनमें सबसे ज्यादा 42 स्कूली वाहन बांदा के हैं। हमीरपुर में 16, महोबा में 10 और चित्रकूट में पांच वाहनों का चालान हुआ है।
एआरटीओ वीरेंद्र सिंह ने बुधवार को भी चेकिंग चालू रखी। उन्होंने बताया कि बांदा में चालान होने वाले वाहनों में 21 बसें शामिल हैं। अन्य वाहनों में मारुति वैन आदि हैं। सेंट मैरी सीनियर सेकेंडरी स्कूल के बच्चों को लाने-ले जाने वाली सिटी बस सर्विस की पांच बसें बच्चों के जीवन से खिलवाड़ करतीं पाईं गईं।
कई बसों में आग बुझाने वाला सीजफायर एक्सपायर हो चुका था। बस में फर्स्ट एड बाक्स भी नदारद था। बसें ओवरलोड पाईं गईं। कई बच्चे सीटें न मिलने पर खड़े मिले। इसी तरह विद्यावती निगम मेमोरियल पब्लिक स्कूल की चार, सेंट जेवियर्स में दो और संत तुलसी पब्लिक स्कूल के दो वाहनों का भी चालान हुआ।
हमीरपुर में 14 बस, महोबा में 8 और चित्रकूट में चार बसों का चालान हुआ है। इनके अलावा इन चारों जिलों में एक दर्जन कामर्शियल मारुति और हमीरपुर में दो प्राइवेट मारुति वैन का चालान किया गया। एआरटीओ ने बताया कि अभी यह अभियान जारी रहेगा। चालान किए गए वाहनों को एक हफ्ते का समय दिया गया है। इसके बाद अगली कार्रवाई की जाएगी।