बांदा। दारुल उलूम रब्बानिया के 14वीं जलसा दस्तार बंदी में 200 छात्रों को सनद देकर पगड़ी बांधी गई। इन छात्रों ने हाफिज, कारी, फाजिल और आलिम के कोर्स पूरे किए। जलसे में कानपुर से आए मौलाना हाशिम अशरफी ने लोगों को बच्चों को शिक्षित बनाने के लिए प्रेरित किया।
नरैनी रोड पर स्थित जामिया रब्बानिया मदरसा परिसर में आयोजित जलसे में कई प्रदेशों के लोग और छात्रों के परिजन शामिल रहे। मौलाना शोएब आसवी इलाहाबादी में कहा कि शिक्षा का महत्व बताया। कई शायरों ने नातिया कलाम पेश किए।
जलसे में अल्लामा सैय्यद खुश्तर रब्बानी (सदर मदरसा), कयादत मौलाना सैय्यद अनवर रब्बानी व मौलाना सैय्यद, शाहिद रब्बानी, मौलाना मेराज मसूदा (अकील मियां) मौजूद रहे। संचालन सैय्यद राशिद रब्बानी ने की। मौलाना डा. सैय्यद अबरार अहमद, मुफ्ती सैय्यद गैहर रब्बानी व सनद हासिल करने वाले छात्रों को मदरसे की तरफ से तोहफे भी दिए गए।