बलरामपुर। तुलसीपुर स्थित आदिशक्ति मां पाटेश्वरी धाम से बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस की महिला सशक्तीकरण रैली (यात्रा) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का मिशन शक्ति कार्यक्रम मिसाल बन गया है। इसे अन्य राज्यों में भी मान्यता मिली है। सरकार बेटियों की सुरक्षा, स्वावलंबन व सम्मान को लेकर प्रतिबद्घ है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उ.प्र. पुलिस ने वर्ष 2020 में नवरात्र में ही मिशन शक्ति अभियान की शुरूआत भी बलरामपुर से की थी। तब भी मैं यहां आया था। नवरात्र की प्रथम तिथि के मौके पर ही मिशन शक्ति अभियान को आगे बढ़ाया था। कहा कि आज एक बार फिर नवरात्र के प्रारंभ पर आदिशक्ति मां पाटेश्वरी के धाम से पुलिस की ये यात्रा शुरू हो रही है। जो बुंदेलखंड के ललितपुर जिले तक पहुंचेगी। दूसरी यात्रा मां विंध्यवासिनी धाम से शुरू होकर गौतमबुद्घ नगर तक जाएगी। ये दोनों यात्राएं विभिन्न जिलों से होते हुए रामनवमी पर अपने गंतव्य पर पहुंचेंगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यात्रा का उद्देश्य महिला सुरक्षा, स्वावलंबन व सम्मान के प्रति लोगों को जागरूक करना है। कहा कि ये दोनों यात्राएं जिन-जिन जनपदों से गुजरेंगी, वहां इन मुद्दों पर जागरूकता कार्यक्रम करते हुए आगे बढ़ेंगी। महिला पुलिसकर्मी प्रतिदिन 80 से 120 किलोमीटर का सफर दोपहिया वाहन से करेंगी।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री को महिला प्रधानों ने स्मृति चिह्न भेंट किया। इस मौके पर जिला पंचायत अध्यक्ष आरती तिवारी, तुलसीपुर विधायक कैलाश नाथ शुक्ल, सदर विधायक पल्टूराम, उतरौला विधायक रामप्रताप वर्मा, महंत मिथिलेश नाथ योगी, एडीजी गोरखपुर जोन अखिल कुमार, आयुक्त एमपी अग्रवाल, डीआईजी एपी सिंह, डीएम डॉ. महेंद्र कुमार, एसपी केशव कुमार, सीएमओ डॉ. सुशील कुमार, सीडीओ संजीव मौर्या आदि मौजूद रहे।
शक्ति की उपासना के पर्व चैत्र नवरात्र में महिला पुलिसकर्मियों की सशक्तीकरण रैली (यात्रा) देवीपाटन धाम बलरामपुर से प्रारंभ हुई है। एडीजी जोन अखिल कुमार ने बताया कि ये रैली 23 मार्च को अयोध्या, 24 मार्च को लखनऊ, 25 को कानपुर नगर, 26 को हमीरपुर, 27 मार्च को उरई/जालौन, 28 मार्च को झांसी व 29 मार्च को ललितपुर पहुंचेगी।
रैली के शुभारंभ के मौके पर स्कूल ड्रेस में दूर खड़ी पाटन की रहने वाली कक्षा छह की छात्रा आफरीन व साबरीन पर मुख्यमंत्री की नजर पड़ी। इस पर मुख्यमंत्री ने दोनों को पास बुुला लिया। मुख्यमंत्री ने उनसे पढ़ाई के बारे में पूछा। साथ ही पूछा- स्कूटी चला लेती हो? बेटियों ने जवाब दिया कि साइकिल चला लेते हैं। बाद में आफरीन ने कहा कि उसकी मुख्यमंत्री से मिलने की काफी इच्छा थी, आज पूरी हो गई। आज पेपर भी है, योगी जी से मिल लिए हैं अब पेपर भी अच्छा होगा।
मुख्यमंत्री से मिलने के दौरान आफरीन ने उन्हें एक पर्ची दी। पिता मोहम्मद रईस ने बताया कि उसके पास न तो जमीन है और न ही घर है। योगी आदित्यनाथ ने मुख्यमंत्री बनने से पहले अस्पताल के उद्घाटन के समय उसे घर देने का वादा किया था। बताया कि पर्ची में आवास, ई-रिक्शा व आवास का किराया माफ कराने की मांग की है।