बलरामपुर। बारिश और नेपाल के पानी से क्षतिग्रस्त हुए बांधों के मरम्मत का कार्य अब शुरू हो गया है। शासन ने दोनों बांधों के संरक्षण व मरम्मत कार्य के लिए 6.67 करोड़ रुपये का बजट जारी किया है। इसके निर्माण की जिम्मेदारी ड्रेनेज मंडल गोंडा को मिली है। छह माह में पूरे होने वाले इस कार्य से जल संरक्षण के साथ ही दो लाख किसानों को सिंचाई कार्य में भी मदद मिलेगी।
नेपाल के सीमावर्ती क्षेत्रों में होने के कारण पर्यटन की दृष्टि से भी इन बांधों का खास महत्व है। सोहेलवा क्षेत्र के 11 बांधों में से प्रमुख गनेशपुर बांध और गिरगिटही बांध के मरम्मत कार्य को शासन से मंजूरी मिली है। इसमें गनेशपुर बांध का मरम्मत कराने के साथ ही नहरों से जोड़ने की व्यवस्था दुरूस्त करने के लिए 3.81 करोड़ व गिरगिटही बांध के लिए 2.85 करोड़ रुपये का बजट जारी किया है।
जिले के इन दो प्रमुख बांधों की मरम्मत से जल संरक्षण के साथ ही नहराें के माध्यम से खेती किसानी के लिए मिलने वाले पानी से करीब दो लाख किसानों को भी सिंचाई कार्य में काफी मदद मिलेगी। पर्यटन के दृष्टि से भी क्षेत्र में बनें बांध पर्यटकों को काफी लुभाते हैं। नवंबर से जून तक पर्यटकों की यहां खूब आमद होती है। यहां पर प्रवाली पक्षियों की आमद व प्राकृतिक छटा काफी आकर्षक है।
डीएम अरविंद सिंह ने बताया कि बांधों के मरम्मत कराने के साथ ही पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। शासन से मिलने वाली बजट राशि से सभी कार्य समयबद्ध स्तर पर पूरे कराए जाएंगे।