बलरामपुर। जिले के किसी भी जिला अस्पताल में त्वचा रोग विशेषज्ञ की तैनाती नहीं है। जिला अस्पतालों में विशेषज्ञ चिकित्सक की तैनाती न होने के कारण त्वचा रोगियों को इलाज के लिए निजी चिकित्सकों का सहारा लेना पड़ रहा है। बदलते मौसम में त्वचा रोग बढ़ने से मरीजों की समस्या भी बढ़ गई है। समस्या को देखते हुए मुख्य चिकित्सा अधीक्षकों ने त्वचा रोग विशेषज्ञ की तैनाती के लिए प्रमुख सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य को पत्र लिखा है।
बलरामपुर में संयुक्त जिला चिकित्सलय, जिला मेमोरियल अस्पताल व जिला महिला चिकित्सालय संचालित हैं। तीन जिला चिकित्सालय होने के बावजूद इनमें त्वचा रोगियों के इलाज की कोई व्यवस्था नहीं है। तीनों अस्पतालों में त्वचा रोग विशेषज्ञ का पद रिक्त है। संयुक्त जिला चिकित्सालय में विगत चार वर्षों से त्वचा रोग विशेषज्ञ की तैनाती नहीं हुई है। जिला मेमोरियल अस्पताल में भी कई महीनों से यह पद रिक्त चल रहा है। जिला महिला अस्पताल में तो महिला रोग विशेषज्ञ एवं बाल रोग विशेषज्ञ के अलावा किसी अन्य विशेषज्ञ की तैनाती ही नहीं है।
मौसम बदलने के साथ ही त्वचा संबंधी रोग भी तेजी से बढ़ने लगे हैं। अस्पतालों में दाद, खाज, खुजली जैसे त्वचा रोग से संबंधित मरीजों की भीड़ लग रही है। इसके विशेषज्ञ न होने के कारण अस्पताल में मौजूद फिजीशियन ही त्वचा रोगियों को दवा देते हैं। त्वचा रोग के संबंध में सही जानकारी न होने के कारण अधिकांश मरीजों को लाभ नहीं मिलता है, जिससे उन्हें निजी चिकित्सकों से इलाज कराने को विवश होना पड़ता है।
संयुक्त जिला चिकित्सालय के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आरके वर्मा व जिला मेमोरियल चिकित्सालय के सीएमएस डॉ. शारदा रंजन ने बताया कि त्वचा रोग विशेषज्ञ की तैनाती के लिए प्रमुख सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सहित अन्य उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है।