फोटो-23-बलरामपुर के बहराइच मार्ग पर आवगमन करते ई-रिक्शा ।-संवाद
बलरामपुर। शहर में ई-रिक्शा पार्किंग की व्यवस्था नहीं है। सार्वजनिक स्थलों व प्रमुख चौक-चौराहों पर बेतरतीब ढंग से ई-रिक्शा खड़े होने से जाम की स्थिति बनी रहती है। जगह-जगह जाम लगने से लोगों को घंटों को जूझना पड़ता है।
जिला मुख्यालय पर करीब 4700 ई-रिक्शा का संचालन होता है। साथ अलावा ग्रामीण क्षेत्रों से भी 500 ई-रिक्शा सवारियों को बैठाकर जिला मुख्यालय तक आते हैं। शहर में कहीं भी ई-रिक्शा के लिए पार्किंग की व्यवस्था नहीं है। ऐसे में चालक जहां जगह पाते हैं वहीं ई-रिक्शा खड़ा कर देते हैं। सड़क की पटरियों पर ई-रिक्शा खड़े होने से बड़े वाहन नहीं निकल पाते हैं और जाम की स्थिति बनी रहती है। नगर के बहराइच मार्ग स्थित झारखंडी मंदिर, बिजली विभाग कार्यालय, एमपीपी इंटर कॉलेज, अस्पताल चौराहा, मुख्य बाजार, मेजर चौराहा व भगवतीगंज चौराहा के आसपास दिन भर गलत ढंग से ई-रिक्शा खड़े रहते हैं। यह मुख्य मार्ग होने के कारण दिन भी रोडवेज बस, ट्रक व अन्य भारी वाहन गुजरते हैं। बेतरतीब पार्किंग से बड़े वाहनों को निकलने में दिक्कत होती है। एक वाहन के फंसने से पीछे लंबा जाम लग जाता है। नगर के अशरफ, मनोज, सुरेश प्रजापति, मोहित वर्मा व रवि सोनी ने बताया कि प्रशासन की तरफ से ई-रिक्शा पार्किंग की व्यवस्था करनी चाहिए। ताकि सड़क पर दबाव कम हो सके।
मुख्य बाजार में लगना चाहिए प्रतिबंध
नगर के मुख्य बाजार में इन दिनों सहालग को लेकर खरीदारों की भीड़ जुट रही है। मुख्य बाजार में ई-रिक्शा के संचालन से खरीदारों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। पैदल व बाइक सवार लोग चल नहीं पाते हैं। दुकानदार विक्की मोदनवाल व मंटू साहू ने बताया कि चौक रोड से वीर विनय चौराहा तक ई-रिक्शा का प्रवेश बंद कर देना चाहिए, ताकि अच्छे से खरीदारी कर सके।