रेहराबाजार। नयानगर गांव में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन श्रीकृष्ण अवतार प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन करते हुए श्रद्धालुओं को धर्म और भक्ति का संदेश दिया। कहा कि जो संसार रूपी सागर से पार लगा दे, वही सच्चा अवतार है।
प्रवाचक पंडित राजन शास्त्री ने कहा कि भगवान का अवतार केवल दुष्टों के नाश के लिए ही नहीं होता, बल्कि नाना प्रकार के दिव्य चरित्रों के माध्यम से मानव समाज का मार्गदर्शन और आत्म कल्याण करना भी उसका उद्देश्य होता है। उन्होंने श्रीमद्भगवद्गीता का श्लोक यदा यदा हि धर्मस्य ग्लानिर्भवति भारत: उद्धृत करते हुए कहा कि जब-जब धर्म की हानि होती है, तब-तब भगवान अवतार लेकर भक्तों की रक्षा करते हैं। सरयू प्रसाद पांडे, मनोज, एके पांडे, शैलेश पांडे, राजकुंवरि सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।