फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Balrampur News: नीतिगत सिफारिशों से सहयोग का रोडमैप तैयार

विज्ञापन
लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 
विज्ञापन
लखनऊ। दो दिन तक चली गहन चर्चा, मंथन और नीतिगत संवादों के बाद 18वें ब्रिक्स अकादमिक फोरम का मंगलवार को लखनऊ विश्वविद्यालय में समापन हो गया। भारत की 2026 ब्रिक्स अध्यक्षता के तहत आयोजित फोरम में सदस्य देशों के नीति निर्माता, शिक्षाविद, शोधकर्ता और विशेषज्ञों ने नीतिगत सिफारिशों से सहयोग का रोडमैप तैयार किया।
विज्ञापन

फोरम में आर्थिक-सामाजिक रेजिलिएंस, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, उभरती तकनीक, सतत ऊर्जा, कनेक्टिविटी, विकास वित्त और बहुध्रुवीय विश्व व्यवस्था जैसे मुद्दों पर मंथन हुआ। फोरम की सबसे अहम उपलब्धि ब्रिक्स थिंक टैंक काउंसिल (बीटीटीसी) की सिफारिशों को भारत सरकार के विदेश मंत्रालय में संयुक्त सचिव (एमईआर) और ब्रिक्स सूस-शेरपा शंभु एल. हक्की को सौंपा गया। इन सिफारिशों में आर्थिक और जलवायु रेजिलिएंस मजबूत करने, नवाचार व तकनीकी सहयोग बढ़ाने, सतत विकास और अधिक समावेशी बहुपक्षीय व्यवस्था के लिए व्यावहारिक उपाय सुझाए गए। साथ ही अगले माह नई दिल्ली में होने वाली समिट की तैयारियां तेज करने की अपील भी की गई।
युवाओं से बोले हक्की- अकेले नहीं, साथ बढ़ना होगा
अंतिम दिन शंभु एल. हक्की ने युवाओं से संवाद करते हुए कहा कि कोई देश अकेले आगे नहीं बढ़ सकता। देशों को मिलकर काम करना होगा। फोरम में ब्रिक्स के नौ सदस्य देशों ब्राजील, चीन, मिस्र, इथियोपिया, भारत, ईरान, रूस, दक्षिण अफ्रीका और संयुक्त अरब अमीरात के प्रतिनिधि और विशेषज्ञ शामिल हुए।
विज्ञापन

नीति और ज्ञान के बीच सेतु हैं विश्वविद्यालय
लखनऊ विवि के कुलपति प्रो. जय प्रकाश सैनी ने कहा कि विश्वविद्यालयों में विचारों की आलोचनात्मक जांच, साक्ष्यों का मूल्यांकन और नई संभावनाओं की खोज होती है। ऐसे में शैक्षणिक संस्थान ज्ञान और सार्वजनिक नीति के बीच महत्वपूर्ण सेतु का काम कर सकते हैं।

25 से ज्यादा संस्थानों के 48 लेखकों का योगदान
फोरम में ब्रिक्स कॉम्पेन्डियम : बिल्डिंग फॉर रेजिलिएंस, इनोवेशन, कोऑपरेशन एंड सस्टेनेबिलिटी किताब का भी विमोचन किया गया। इसमें ब्रिक्स देशों के 25 से अधिक संस्थानों से जुड़े 48 लेखकों के लेख शामिल हैं। इसमें करीब 50 प्रतिशत महिला लेखक हैं। ऑब्जर्वर रिसर्च फाउंडेशन (ओआरएफ) के अध्यक्ष समीर सरन ने कहा कि अकादमिक फोरम एक बार होने वाला आयोजन नहीं, बल्कि पूरे वर्ष चलने वाले संवाद, परामर्श और नीतिगत जुड़ाव की प्रक्रिया का हिस्सा है।

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

लखनऊ विश्वविद्यालय में आयोजित ब्रिक्स अकादमिक फोरम 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें