सादुल्लाहनगर थाना परिसर की 18 डिस्मिल जमीन 27 जून 2013 को तत्कालीन सपा विधायक आरिफ अनवर हाशमी ने अपने भाई मारूफ अनवर हाशमी को फर्जी मुतवल्ली बनाकर मजार शरीफ बाबा शहीदे मिल्लत अब्दुल कुद्दूस शाह रहमतउल्ला अलैह के नाम राजस्व अभिलेख में दर्ज करा दी थी। मामला उजागर होने पर स्थानीय लेखपाल संतोष कुमार ने एक अप्रैल 2024 को मुकदमा दर्ज कराया। जांच में सामने आया कि मारूफ अनवर हाशमी के प्रार्थनापत्र पर तत्कालीन हलका लेखपाल मो. सईद ने खतौनी में हेराफेरी कर तत्कालीन विधायक को लाभ पहुंचाने के लिए थाने की जमीन मजार के नाम दर्ज कर दी थी। सोमवार को थाना गैड़ास बुजुर्ग के इटईरामपुर सुब्बनजोत गांव निवासी सेवानिवृत्त लेखपाल मो. सईद को गिरफ्तार कर लिया गया। प्रभारी निरीक्षक वीएन सिंह ने बताया कि सेवानिवृत्त लेखपाल को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।