बलरामपुर के कोहरौड़ा समिति पर पसरा सन्नाटा ।
बलरामपुर। खरीफ सीजन में किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराने के दावे जिले में नेटवर्क की समस्या के कारण धरातल पर फिसलते नजर आ रहे हैं। जिले की 86 साधन सहकारी समितियों पर यूरिया और डीएपी का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है, लेकिन कई समितियों में ई-पॉश मशीनों में नेटवर्क नहीं आने से खाद का वितरण ठप पड़ा है। इससे किसान रोजाना समितियों का चक्कर लगाने के बाद बिना खाद लिए लौटने को मजबूर हैं।
जिले में 86 साधन सहकारी समितियों के माध्यम से उर्वरक का वितरण किया जा रहा है। किसानों की सुविधा के लिए 74 हजार किसान सदस्यों के मोबाइल पर एसएमएस भेजकर निर्धारित तिथि पर खाद लेने की व्यवस्था लागू की गई है। वर्तमान में जिले में 35,378 बोरी यूरिया और 4,191 बोरी डीएपी उपलब्ध है, लेकिन कई समितियों पर तकनीकी समस्या के कारण वितरण प्रभावित है। श्रीदत्तगंज क्षेत्र की खरदौरी समिति पर 359 बोरी खाद उपलब्ध होने के बावजूद लगातार 11वें दिन भी वितरण शुरू नहीं हो सका। समिति सचिव राकेश पांडेय ने बताया कि ई-पॉश मशीन में नेटवर्क न आने से खाद नहीं दी जा रही है। हरैया सतघरवा की कोहड़ौरा समिति में भी यही स्थिति है। गैसड़ी समिति पर 700 बोरी यूरिया और 100 बोरी डीएपी उपलब्ध है, जबकि पचपेड़वा बी-पैक्स पर करीब 600 बोरी यूरिया होने के बावजूद नेटवर्क की समस्या के चलते वितरण नहीं हो पा रहा है। उधर, महराजगंज तराई बी-पैक्स शाखा में 1100 बोरी यूरिया उपलब्ध है, जहां बृहस्पतिवार को 32 किसानों को खाद वितरित की गई। किसान सुरेंद्र सिंह ने बताया कि कई बार एसएमएस नहीं मिलता है। किसान सलाहुद्दीन ने कहा कि नेटवर्क खराब होने से खाद नहीं मिल रही। शाहिद आलम, कमलेश कुमार, बिहारी लाल, रहमतुल्लाह सहित अन्य किसानों ने भी तकनीकी समस्या का तत्काल समाधान कर नियमित वितरण शुरू कराने की मांग की है।
किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है। समस्या का समाधान होते ही सभी समितियों पर सामान्य रूप से खाद वितरण शुरू करा दिया जाएगा।
अजय कुमार मौर्य, सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक सहकारिता